फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   circular on jihad: nothing suspicious found, says police

जिहाद संबंधी सर्कुलर पर पुलिस को नहीं मिले सुबूत

Tue, 02 Apr 2013 07:27 PM IST
मुंबई/एजेंसी
मुंबई/एजेंसी Updated Tue, 02 Apr 2013 07:27 PM IST
विज्ञापन
circular on jihad: nothing suspicious found, says police

जिहाद संबंधी सर्कुलर पर मुंबई पुलिस को अभी तक ऐसे कोई सुबूत नहीं मिले हैं, जिससे इस बात की पुष्टि हो सके कि जमात-ए-इस्लामी संगठन की महिला शाखा लड़कियों का ब्रेन वॉश कर उन्हें जिहाद के लिए ट्रेनिंग दे रही है।

विज्ञापन


मुंबई पुलिस की स्पेशल ब्रांच के इंटरनल सर्कुलर के लीक होने के बाद यह विवाद पैदा हो गया है। इस बीच पुलिस ने इस बात की भी जांच शुरू दी है कि आखिर यह सर्कुलर मीडिया में लीक कैसे हुआ।
विज्ञापन


सर्कुलर में कहा गया था कि देश के सबसे बड़े इस्लामिक संगठनों में से एक जमात-ए-इस्लामी की शाखा गर्ल्स इस्लामिक आर्गेनाइजेशन (जीआईओ) कॉलेज और स्कूल में पढ़ रही लड़कियों का ब्रेनवॉश कर उन्हें जिहाद के लिए तैयार कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह संगठन महाराष्ट्र में 40 हाई स्कूल और तीन जूनियर कॉलेज चलाता है। हालांकि यह सर्कुलर सिर्फ पुलिस विभाग के कर्मियों के लिए था, लेकिन यह लीक हो गया।

इसके बाद नाराज संगठन के महाराष्ट्र के प्रवक्ता मोहम्मद असलम गाजी ने पुलिस से माफी मांगने को कहा था और ऐसा न करने पर मानहानि का मुकदमा करने की धमकी दी थी।

पुलिस के खिलाफ भड़के गुस्से और संभावित कानूनी कार्रवाई के बीच एक स्पेशल ब्रांच ऑफिसर ने कहा, ‘यह सच है कि हमें जीआईओ की राष्ट्रविरोधी गतिविधियों की जानकारी मिली है। मगर अब तक हमारी जांच टीम महाराष्ट्र में इसे पुख्ता करने के लिए कोई सुबूत नहीं जुटा पाई है। राज्य में हमें जीआईओ की कोई भी संदिग्ध गतिविधियां नहीं मिली हैं।’

पिछले महीने जारी सर्कुलर में कहा गया है, ‘जीआईओ का गठन केरल में हुआ है और वह महाराष्ट्र में चालीस स्कूल और तीन जूनियर कॉलेजों का संचालन करता है। इसका उद्देश्य हालांकि मुस्लिम लड़कियों को इस्लाम और कुरान की शिक्षा देना है, लेकिन मुख्य रूप से यह लड़कियों को जिहाद के लिए तैयार कर रहा है।’


संगठन के प्रदेश अध्यक्ष तॉफीक असलम खान के नेतृत्व में सोमवार को एक प्रतिनिधिमंडल ने स्पेशल ब्रांच चीफ और अतिरिक्त पुलिस आयुक्त नवल बजाज से मुलाकात कर इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा। पुलिस से जवाब और माफी मांगने के लिए संगठन की ओर से जल्द ही एक पत्र भी भेजा जाएगा। इसके बाद जरूरत पड़ने पर कानूनी नोटिस भी भेजा जा सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed