याकूब की फांसी पर बौखलाई डी कंपनी, छोटा शकील ने दी धमकी
अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के करीबी छोटा शकील ने याकूब मेमन की फांसी को 'नाइंसाफी' करार दिया है। टाइम्स ऑफ इंडिया से बातचीत के दौरान छोटा शकील ने दावा किया कि मुंबई बम धमाके में असली गुनाहगार टाइगर मेमन है।
याकूब को तो टाइगर की करनी का फल मिला है। उसने कहा कि डी कंपनी भारत सरकार की इस कार्रवाई की घोर निंदा करती है। उसने कहा कि भारत सरकार ने ये लीगल मर्डर किया है। शकील का आरोप है कि सरकार ने याकूब के साथ धोखा किया। शकील ने कहा कि ये साफ हो गया है कि अगर दाऊद भाई भी उस समय भारत आ जाते तो उसका भी वही हाल होता।
शकील ने भारत को याकूब की फांसी के लिए गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी है। शकील के मुताबिक अब डी कंपनी से जुड़ा कोई या किसी और गैंग से जुड़ा कोई भी सरकार की चॉकलेट नहीं लेगा यानि सरकार के ऑफर्स नहीं मानेगा। भारतीय सरकार के वादे पर कोई भरोसा नहीं करेगा।
दाऊद भारत वापस नहीं आएगा
साथ ही छोटा शकील ने कहा कि मुंबई धमाकों में दाऊद का कोई लेना-देना नहीं है और न ही याकूब ने दाऊद का नाम लिया है। शकील ने बातचीत के दौरान कहा कि दाऊद भारत वापस नहीं आएगा। शकील ने यहां तक कहा कि मामले की कानूनी प्रक्रिया के संबंध में उसे भारत पर भरोसा नहीं है।
भारत सरकार ने इस कृत से क्या संदेश दिया है? आपने गलत इंसान को फांसी पर चढ़ा दिया उसके भाई के कारनामों के लिए। इससे क्या हासिल हुआ सरकार को। उसके परिवार को सहना पड़ेगा।
किसी ने सरकार पर भरोसा किया और सरकार ने उसे धोखा दिया। सरकार पर निशाना साधते हुए शकील ने कहा कि सरकार खुद अपने अफसरों पर तो भरोसा करती नहीं है, अगर ऐसा होता तो सरकार बी रमन की बात जरूर मानती जिसने कहा था कि याकूब को छोड़ दिया जाना चाहिए।
याकूब केस में पैरवी कर रहे सरकारी वकील निकम पर निशाना साधते हुए शकील ने कहा कि निकम ने कहा था कि 'एक मैसेज दे रहे हैं उन लोगों को।यार हमें मैसेज देने के लिए एक बेगुनाह को फांसी पर लटका रहे हो।' ये कैसा मैसेज है?