खाने को नहीं मिला मुर्गा तो दूल्हे ने फेरे लेने से किया इंकार
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में बारात को खाने में मुर्गा और तंदूरी रोटी नहीं नहीं मिले पर दूल्हा और उसके पिता नाराज हो गए। उन्होंने जमकर हंगामा किया। बाप कार में दुल्हन के कपड़े और जेवर लेकर चला गया। जबकि दूल्हे ने भी फेरे लेने से इंकार कर दिया। जिसे लेकर शादी समारोह में मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर पहुंचे पुलिस वालों ने दूल्हे को जमकर हड़काया।
देर शाम पुलिस की मौजूदगी में फेरे की रस्म पूरी हो सकी। छजलैट के गोपालपुर नत्था उर्फ कौकरपुर गांव निवासी सुमेर सिंह ने अपनी बेटी रेनू की शादी अन्यारी निवासी प्रेम सिंह के बेटे राहुल कुमार से तय की थी।
रिश्ता तय होने के बाद से ही दोनों पक्षों के बीच दहेज को लेकर विवाद चलता आ रहा था। बाद में दोनों पक्षों की मौजूदगी में 19 अक्टूबर को शादी का दिन तय हुआ था। दुल्हन के फूफा खूब सिंह ने बताया कि सोमवार दोपहर राहुल अपने रिश्तेदारों और परिचितों के साथ बारात लेकर कौकरपुर पहुंचा। चढ़त के बाद बारात में आये मेहमानों को खाना खिलाया जा रहा था।
पहले ही तय किया था कि उन्हें मुर्गा चाहिए
खाने में मुर्गा और तंदूरी रोटी न होने पर दूल्हे के पिता प्रेम सिंह और उनके करीबी रिश्तेदार भड़क गए। उन्होंने कहा कि उन्होंने पहले ही तय किया था कि उन्हें मुर्गा चाहिए। इसे लेकर हंगामा शुरू हो गया। लड़की पक्ष के लोगों ने कहा कि नवरात्र चल रहे हैं। इस लिए मुर्गा नहीं पकवाया गया।
इसके बाद दूल्हा भी नाराज हो गया। उसने फेरे लेने से इंकार कर दिया। जबकि दूल्हन के लिए लाए गए कपड़े और जेवरों को दूल्हे के पिता कार में रखकर चले गए। इसके बाद हड़कंप मच गया। दूल्हन के परिवार के लोगों ने मामले की जानकारी पुलिस को दी।
खबर मिलने पर छजलैट पुलिस मौके पर पहुंची और दूल्हे व अन्य बारातियों को जमकर हड़काया। तब जाकर उनके तेवर नरम पड़ गए। इसके बाद पिता भी सामान भी वापस मांगवा लिया। देर शाम पुलिस की मौजूदगी ने फेरों की रस्म पूरी हुई। इसके बाद बारात को विदा कर दिया गया। एसओ छजलैट ने बताया कि दोनों पक्षों में विवाद हो गया था। बाद में उनके बीच समझौता हो गया।