चेक बाउंस हुआ तो दोषी के खिलाफ केस करना होगा आसान
सरकार ने चेक बाउंस का मुकदमा लड़ रहे लाखों लोगों को राहत पहुंचाने के लिए अध्यादेश लाने का फैसला किया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इसकी मंजूरी दे दी है। अध्यादेश निगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट एक्ट में संशोधन करेगा और इससे चेक बाउंस होने पर जारी करने वाले के खिलाफ मुकदमा वहीं दायर किया जा सकेगा, जहां यह भुनाने के लिए पेश किया गया हो।
पहले मुकदमा वहां दायर करना होता था जहां से चेक जारी हुआ है। इससे लोगों की परेशानी बढ़ जाती थी। चेक बाउंस का मुकदमा लड़ रहे लोगों को राहत देने के लिए सरकार का अध्यादेश लाना इसलिए जरूरी हो गया था क्योंकि इस संबंध में लाए गए बिल को इस साल की शुरुआत में लोकसभा से तो मंजूरी मिल गई थी लेकिन राज्यसभा में यह नामंजूर हो गया था।
सरकार अब अध्यादेश लाएगी
बुधवार को इस संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में हुई कैबिनेट की बैठक के बाद परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने सरकार की ओर से अध्यादेश लाने के इरादे की जानकारी दी।
उन्होंने इस सिलसिले में सुप्रीम कोर्ट के एक निर्देश का हवाला दिया, जिसमें कहा गया था कि अगर किसी को मिला चेक बाउंस होता है तो कार्रवाई की शुरुआत चेक जारी होने की जगह से संबंधित न्याय क्षेत्र में ही होगी।
उन्होंने कहा कि देश भर की अदालतों में चेक बाउंस से जुड़े 18 लाख मुकदमे चल रहे हैं। सरकार लोगों को राहत देने के लिए एक बिल लाई थी लेकिन यह राज्यसभा में पारित नहीं हुआ। लिहाजा सरकार अब अध्यादेश लाने जा रही है।