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जानिए, भारत में कब से चलेगी दुनिया की सबसे सस्ती बुलेट ट्रेन?

Thu, 04 Jun 2015 12:47 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली Updated Thu, 04 Jun 2015 12:47 PM IST
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अहमदाबाद से मुंबई के बीच बुलेट ट्रेन कॉरिडोर दुनिया की सबसे सस्ती हाई स्पीड ट्रेन बन सकती है। एक रिपोर्ट के मुताबिक भारत में बुलेट ट्रेन के संभावनाओं का अध्य्यन कर रही जापानी टीम ने फेयर बॉक्स रेवेन्यू मॉडल बनाया है।

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जिसमें बुलेट ट्रेन का किराया इसी रुट पर चल रही अन्य ट्रेनों के एसी फर्स्ट से केवल डेढ़ गुना ज्यादा होगा। इस मॉडल के मुताबिक मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन का किराया लगभग 2800 रुपए होगा जबकि इस रुट पर अन्य ट्रेनों के एसी फर्स्ट का किराया 1895 रुपए हैं।
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इस टीम के मुताबिक यह कॉरिडोर 2023 में बन कर तैयार हो जाएगा और रोजाना 40, हजार लोग इस का उपयोग करेंगे। इस फेयर बॉक्स के मुताबिक 2023 में इस ट्रेन का किराया उस समय का एसी फर्स्ट का किराया तय करेगा।
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2 घंटे में पूरा होगा सफर

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अहमदाबाद से मुंबई जाने में फिलहाल की ट्रेनें 534 किलोमीटर की यात्रा कम से कम 8 घंटे में सफर तय करती है लेकिन बुलेट ट्रेन इस सफर को 2 घंटे से भी कम समय में पूरा कर देगी। इस कॉरिडोर के बनने में 98 हजार करोड़ रुपए की लागत लगेगी।

जापान में हायाबूसा ट्रेने 713 किलोमीटर की यात्रा के लिए 8, हजार रुपए किराया देना पड़ता है जो टोक्यो-शिन-अमोरी सेक्टर में चलती है। चाइना की जिंगझू हाई स्पीड रेलवे में जो बीजिंग से शंघाई तक का सफर तय करती है, इसमें भी सेकेंड क्लास के लिए 5 हजार रुपए किराया देना पड़ता है।

भारत में कुछ साल पहले इस कॉरिडोर के किराए के लिए प्रारंभिक अनुमान लगाए थे जो लगभग इन्हीं किरायों से मेल खाते थे। अधिकारियों का कहना है कि यह अध्य्यन उचित फेयर मॉडल का तस्वीर प्रस्तुत कर रहा है।

कॉरिडोर में होंगे 10 स्टेशन

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यह रिपोर्ट जुलाई में रेल मंत्रालय को सौंपे जाने की उम्मीद है। जापानी टीम ने किराए के संबंध में लोगों से भी जानने कि कोशिश की कि वे बुलेट ट्रेन के लिए कितना किराया दे सकते हैं?

जिसमें यह बात समाने आई कि अगर किराया फिलहाल के रेवेन्यू मॉडल से किराया ज्यादा हुआ तो लोग विमान की सेवा को ज्यादा तरजीह दे सकते हैं।

सूत्रों की माने तो इस रेवेन्यू मॉडल को तैयार करने में विभिन्न जटील तरीकों के साथ-साथ लोगों की राय को भी तरजीह दी है। इस कॉरिडोर में 10 स्टेशन होने की उम्मीद जताई जा रही है।

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