सुप्रीम कोर्ट: 'डांस बार में नहीं लगेंगे CCTV कैमरे'
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सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार को जोर का झटका देते हुए डांस बार को सीसीटीवी कैमरों की जद से बाहर रखने का फैसला दिया है। सर्वोच्च अदालत ने कहा कि सीसीटीवी डांस बार के गेट पर तो लगेंगे लेकिन अंदर ऐसे कैमरे नहीं लगाए जाएंगे।
महाराष्ट्र सरकार डांस बार में सीसीटीवी लगाने की पक्षधर थी। राज्य सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर कहा था कि ऐसा करना निजता के अधिकार का उल्लंघन नहीं है। लेकिन कोर्ट ने इसे खारिज कर दिया है।
बता दें कि डांस बार का लाइसेंस देने के लिए पुलिस द्वारा रखी गई कई शर्तों पर सुप्रीम कोर्ट ने एतराज जताते हुए सरकार को इन पर अपना पक्ष रखने के लिए कहा था।
सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला
महाराष्ट्र सरकार के हलफनामे में राज्य सरकार ने कहा था कि डांस बार को सीसीटीवी कैमरे की जद में रखना बेहद महत्वपूर्ण है। सरकार के मुताबिक, 'सुरक्षा की दृष्टि से ये बेहद जरूरी है। इससे महिलाओं की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।' हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार की दलीलों को खारिज कर दिया।
सरकार की योजना थी कि डांस बार में सीसीटीवी कैमरे लगें, जिसकी फीड नजदीक के पुलिस थाने में जाएगा। जिससे कि पुलिस डांस बार की गतिविधियों पर पैनी नजर रख सके। पुलिस का कहना था कि इसका फायदा यह रहेगा कि अगर डांस बार में कोई अप्रत्याशित घटनाएं घटती हैं तो पुलिस तत्काल मौके पर पहुंच सकती है।
साथ ही इस कवायद का एक और फायदा है कि यह आसानी से पता चल सकेगा कि डांस बार में अश्लीलता तो नहीं परोसी जा रही। सरकार ने इस शर्त को जायज बताते हुए कहा कि कई रेस्तरां और बार में सीसीटीवी कैमरे लगे हैं, जो कई बार बेहद उपयोगी साबित होती है। हालांकि शीर्ष अदालत ने इसे सिरे से खारिज करते हुए कहा कि इसकी इजाजत नहीं दी जा सकती।