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'रेप से बच नहीं सकते, तो मजा लीजिए'
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Wed, 13 Nov 2013 03:08 PM IST
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केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के डायरेक्टर रंजीत सिन्हा एक बड़े विवाद में फंस गए हैं। उन्होंने खेलों में सट्टेबाजी की तुलना बलात्कार के मजे लेने से कर दी है।
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मंगलवार को दिल्ली में आयोजित एक पैनल डिस्कशन के दौरान सिन्हा दलील दे रहे थे कि सट्टेबाजी को कानूनी जामा पहना देना चाहिए।
लेकिन जो उन्होंने कहा, उसे सुनकर वहां मौजूद हर शख्स हैरत में पड़ गया। उन्होंने कहा, "अगर आप बलात्कार से बच नहीं सकते, तो उसका मजा लीजिए।"
सिन्हा इस टिप्पणी के जरिए यह साबित करने की कोशिश कर रहे थे कि सट्टेबाजी पर पाबंदी लगाना मुश्किल और बेमानी है।
सफाई दी, लेकिन बात बिगड़ी
बाद में इस बयान पर सफाई देते हुए सीबीआई निदेशक ने कहा कि वह अपना पक्ष रखने के लिए एक मुहावरा इस्तेमाल कर रहे थे। लेकिन उनकी जुबान से निकली यह बात बड़ा विवाद बन गई।
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बायोकॉन कंपनी की प्रमुख किरण मजूमदार शॉ ने ट्वीट के जरिए कहा, "सीबीआई डायरेक्टर अपने पद पर बने रहने की गरिमा खो चुके हैं। इस तरह का गैर-जिम्मेदाराना और संवेदनहीन बयान कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।"
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मुकदमा चले सिन्हा पर
भाजपा की प्रमुख नेता और अभिनेत्री स्मृति ईरानी ने इस टिप्पणी को बकवास करार दिया है। माकपा नेता बृंदा करात ने कहा कि सीबीआई डायरेक्टर के खिलाफ मुकदमा चलाया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा, "अगर सीबीआई डायरेक्टर बलात्कार के बारे में इस तरह की बात करते हैं, तो इससे काफी गलत संदेश्ा जाता है। उन्हें पद पर रहने का कोई हक नहीं है।"
मंगलवार रात सीबीआई प्रवक्ता ने सिन्हा की तरफ एक बार और सफाई दी।
उन्होंने कहा, "यह बात सट्टेबाजी को कानूनी रूप देने पर शेखर गुप्ता की ओर से रखे गए मत पर कही गई, जो सत्र के संचालक थे...सीबीआई के डायरेक्टर की बात का मतलब यह था कि अगर कानून लागू नहीं किया जा सकता, तो उसका यह मतलब नहीं है कि कानून होना नहीं चाहिए।"