कोल इंडिया के 10 फीसदी शेयर बेचेगी मोदी सरकार
अब अगर सड़क समय सीमा के अंदर नहीं बन पाईं तो राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को मुआवजा देना होगा। ये फैसला आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) ने लिया है। मोदी सरकार की हुई कैबिनेट की बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसले लिेए गए।
इसी के साथ समिति ने 110.22 किलो मीटर लंबा जगदलपुर-कोरपुट रेलमार्ग के दोहरीकरण को भी मंजूरी दी है। रेलवे से ही जुड़े एक अन्य फैसले में कैबिनेट ने रजतगढ़ रेलवे लाइन के रास्ते बुद्ध पंक और सालेगांव रुट पर तीसरी और चौथी लाइन के लिए भी मंजूरी प्रदान की है।
सीसीईए ने अपने एक फैसले में कोचीन शिपयार्ड के आईपीओ को भी हरी झंडी दिखा दी है। कैबिनेट ने बिहार के मुंगेर में गंगा नदी पर रेल और सड़क पुल की कुल लागत 2774 करोड़ रुपए भी मंजूर की है।
कोल इंडिया के शेयर बेचे जाएंगे
सीसीईए ने इस बात की घोषणा भी की है कि कोल इंडिया के 10 प्रतिशत शेयर और बेचे जाएंगे। वहीं कश्मीरी पंडितो पर बड़ा फैसला करते हुए केंद्र सरकार ने राज्य सरकार के उस प्रस्ताव को मंजूर किया है जिसमें विस्थापित कश्मीरी पंडितों को कश्मीर घाटी में नौकरी और अंतरिम पुनर्वास की व्यवस्था भी करेगी।
सीसीईए ने पुलिस व्यवस्था के लिए मार्च 2017 तक डेडलाइन तय की है जिस दौरान सभी थाने और अभियोजन पक्ष की एजेंसियां कम्प्यूटराइज्ड हो जाएंगे। साथ ही साथ नेटवर्क और ट्रैकिंग सिस्टम (CCTNS) के प्रस्ताव को भी मंजूरी प्रदान की है।
कैबिनेट ने यह फैसला भी किया है कि ऋण पर ब्याज समकारी योजना को भी अपनी मंजूरी दी है जो 1 अप्रैल 2015 से प्रभावी होगा। यह तीन साल के लिए होगा।