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दंगों की कड़वाहट खत्म, मोदी से मिले ब्रिटिश राजनयिक

Tue, 30 Oct 2012 03:57 PM IST
अहमदाबाद/इंटरनेट डेस्क
अहमदाबाद/इंटरनेट डेस्क Updated Tue, 30 Oct 2012 03:57 PM IST
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british envoy meets narendra modi seems riot effect ending

गुजरात दंगों के बाद अब ब्रिटेन और मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी के बीच बढ़ी दूरियां कम होती दिख रही हैं। ब्रिटिश राजनयिकों का एक दल आज गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी से मिला। गांधीनगर में मुख्यमंत्री दफ्तर में हुई इस बैठक में राज्य में व्यापार और सहयोग बढ़ाने को लेकर बातचीत हुई। इससे पहले 11 अक्टूबर को ब्रिटेन के विदेश राज्य मंत्री ह्यूगो स्वायर ने ब्रिटेन के हाई कमिश्नर जेम्से बेवन से कहा था कि वो गुजरात जाएं और मोदी से आपसी हित के मुद्दों पर बातचीत करें।

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गौरतलब है कि 2002 के दंगों में साबरकांठा में तीन ब्रिटिश नागरिक मारे गए थे और तभी से मोदी सरकार और ब्रिटेन में कोई संबंध नहीं था। असल में ब्रिटेन के रुख में आए बदलाव के पीछे एक नहीं बल्कि कई वजहे हैं। पिछले दो साल के दौरान स्वीडन, डेनमार्क, साउथ कोरिया और ऑस्ट्रेलिया समेत कई देशों ने गुजरात के साथ व्यापारिक संबंध बढ़ाने की पहल की है और अब ब्रिटेन भी इस लिस्ट में शामिल होना चाहता है। इन तमाम देशों के प्रतिनिधियों ने मोदी को एक शानदार नेता बताते हुए राज्य में उनके ओर से किए जा रहे कामों की सराहना की है।
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जानकार मानते हैं कि गुजरात दंगों के दोषियों को पिछले दिनों मिली सजा और ब्रिटेन में बसे गुजरातियों के दबाव की वजह से ब्रिटेन के रुख में ये बदलाव आया है। इसके अलावा अर्थव्यवस्था की उथल-पुथल से जूझ रहा ब्रिटेन चाहता है कि गुजरात की कंपनियां ब्रिटेन में निवेश करें। बीजेपी में मोदी का बड़ा कद और पीएम पद के लिए मोदी की दावेदारी भी ब्रिटेन को मजबूर कर रही है कि वो ब्रिटेन से रिश्ते बनाए।
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