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'ब्रेन डेड' शख्स के हाथ का सफल प्रत्यर्पण

Wed, 14 Jan 2015 05:51 PM IST
Updated Wed, 14 Jan 2015 05:51 PM IST
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Brain-dead man lends a hand to victim.

केरल ही नहीं पूरे देश में ये अपनी तरह की पहली घटना है जिसमें एक हादसे में अपना हाथ गंवा बैठे शख्स को ब्रेन डेड युवक के दान किए गए हाथ को सफलतापूर्वक प्रत्यर्पण किया गया।

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हुआ यूं की सड़क हादसे में बाइक सवार बिनॉय घायल हो गया। जिसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया। इसके बाद उसके परिजनों ने डॉक्टरों को बताया कि बिनॉय अपने शरीर के अंग दान करना चाहता था।
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इसका फायदा थोडुपुझा के रहने वाले मनु को मिला। जिसे हाथ की जरूरत थी। एक हादसे में उसके हाथ नहीं रहे थे। बिनॉय के हैंड ट्रांसप्लांट का सीधा फायदा मनु को मिला।
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डॉक्टर सुब्रमण्यम अय्यर और उनकी करीब 16 घंटे के ऑपरेशन के बाद ये हैंड ट्रांसप्लांट का ऑपरेशन सफल रहा। डॉ. अय्यर अमृता इंस्टीट्यूट मेडिकल साइंसेज़ के क्लिनिकल प्रोफेसर और प्लास्टिक और रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी विभाग के अध्यक्ष हैं।

देश में अपनी तरह का पहला मामला

Brain-dead man lends a hand to victim.

केरल में पहले भी कई बड़े अंगों का सफल प्रत्यर्पण किया गया है। इनमें हृदय, लीवर और किडनी शामिल है। लेकिन अंग दान के इस नए तरीके से कई जरूरतमंदों का ज्यादा फायदा मिलेगा।

डॉ. अय्यर ने बताया कि हम पिछले कई महीनों से ऐसे ही दाता का इंतजार कर रहे थे। जिसके जरिए इस तरह के मामलों में सफलता पाई जा सके। आखिरकार हम कामयाब हो गए।

बात करें ब्रेड डेड बिनॉय की तो उसे दो दिन पहले अस्पताल लाया गया था जहां उसकी हालत गंभीर थी जिसके चलते उसे वेंटिलेटर पर रखा गया। उसे बाइक हादसे में गंभीर चोटें आई थी। दो दिनों तक वेंटिलेटर पर रखने के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर उनके परिजनों को सौंप दिया।

डॉक्टरों के अनुसार, करीब तीन घंटे के ऑपरेशन के बाद नए पार्ट को विभिन्न नसों, खून की नलियों और उतकों को जोड़ने की कोशिश की गई।

अस्पताल सूत्रों के मुताबिक इस ऑपरेशन की सफलता के बाद अब चार और लोग ऐसे ऑपरेशन को कराने का इंतजार कर रहे हैं। हमने इन मरीजों को केरल नेटवर्क फॉर ऑर्गन शेयरिंग रजिस्ट्री में भर्ती कराया गया है।

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