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दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने को सुपरसोनिक मिसाइल ब्रह्मोस तैयार
ब्यूरो/अमर उजाला,राजस्थान
Updated Sun, 08 Nov 2015 07:57 AM IST
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राजस्थान का पोकरण भारत की बढ़ती सामरिक क्षमता का एक बार फिर गवाह बन गया है। पोकरण में 300 किलोग्राम तक विस्फोटक लादकर 290 किलोमीटर तक मार करने वाली वाली सुपरसोनिक ब्रह्मोस मिसाइल का शनिवार को हुआ परीक्षण सफल रहा।
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सेना और रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन के अधिकारियों की मौजूदगी में इसका सफल परीक्षण हुआ। सूत्रों के मुताबिक दुनिया की सबसे तेज गति वाली मिसाइलों में शामिल ब्रह्मोस सर्वाधिक खतरनाक एवं प्रभावी शस्त्र प्रणाली है।
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इसे मोबाइल कैरियर से भी लांच किया जा सकता है। शनिवार को हुआ परीक्षण इसी श्रेणी की मिसाइल का था। सेना ने अपने शस्त्रों के बेड़े में ब्रह्मोस की तीन रेजीमेंटों को पहले ही शामिल कर रखा है।
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ब्रह्मोस को भूमि, समुद्र, सब-सी और हवा से समुद्र और भूमि में मौजूद लक्ष्यों पर दागा जा सकता है।
ब्रह्मोस की खासियत
- मल्टी मिसाइल ब्रह्मोस की रफ्तार 2.8 मैक है, जो इसे दुनिया की सबसे तेज गति वाली मिसाइलों में शामिल करती है। ध्वनि से भी तीन गुना ज्यादा तेज रफ्तार के कारण इसे दुनिया की सबसे तेज मिसाइल माना जाता है।
- दुनिया के सबसे आधुनिक हथियारों से लैस नाटो के पास भी सिर्फ 1 से 1.5 मैक की गति की मिसाइल को रोकने की क्षमता है।
- गति के कारण इस मिसाइल का पता लगाना बेहद कठिन है। यह 10 मीटर की ऊंचाई पर उड़ान भर सकती है और रडार की पकड़ में नहीं आती।
- ब्रह्मोस सुखोई-30 एमकेआई लड़ाकू विमान में तैनात किया जा सकता है। बाद में इसे रफेल और नेवी के मिग-29 के में भी उपयोग में लाया जा सकेगा।
- हवा में ही अपनी दिशा बदल सकता है और हिलते-डुलते टार्गेट को भी भेद सकता है।
- यह मिसाइल 1200 यूनिट ऊर्जा पैदा कर अपने लक्ष्य को तहस नहस कर सकती है।
- दुनिया के सबसे आधुनिक हथियारों से लैस नाटो के पास भी सिर्फ 1 से 1.5 मैक की गति की मिसाइल को रोकने की क्षमता है।
- गति के कारण इस मिसाइल का पता लगाना बेहद कठिन है। यह 10 मीटर की ऊंचाई पर उड़ान भर सकती है और रडार की पकड़ में नहीं आती।
- ब्रह्मोस सुखोई-30 एमकेआई लड़ाकू विमान में तैनात किया जा सकता है। बाद में इसे रफेल और नेवी के मिग-29 के में भी उपयोग में लाया जा सकेगा।
- हवा में ही अपनी दिशा बदल सकता है और हिलते-डुलते टार्गेट को भी भेद सकता है।
- यह मिसाइल 1200 यूनिट ऊर्जा पैदा कर अपने लक्ष्य को तहस नहस कर सकती है।