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पूर्वांचली मतदाताओं के ‘आप’ प्रेम ने उड़ाए भाजपा के होश

Mon, 16 Feb 2015 09:08 AM IST
Updated Mon, 16 Feb 2015 09:08 AM IST
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BJP worried of aap lover Purwancli voters

भाजपा दिल्ली विधानसभा चुनाव में पूर्वांचल के मतदाताओं के आम आदमी पार्टी (आप) के प्रति उमड़े प्रेम से सकते में है। पार्टी को डर लग रही है कि कहीं उनकी नाराजगी दिल्ली की सीमा पार कर उत्तर प्रदेश और बिहार न पहुंच जाए। पूर्वांचल के मतदाता अपने समुदाय के लोगों को कम उम्मीदवार बनाए जाने से बेहद नाराज थे।

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आप ने पूर्वांचल के लोगों को थोक में टिकट दिए थे, जिससे इन समुदाय ने खुलकर आप का साथ दिया। बिहार में इसी साल जबकि उत्तर प्रदेश में वर्ष 2017 में विधानसभा चुनाव होने हैं। पार्टी इन दोनों ही राज्यों में अभी से चुनावी तैयारियों में जुट गई है।
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पूर्वांचल के मतदाताओं को मनाने के लिए पार्टी जल्द ही इन क्षेत्रों से जुड़े नेताओं को मोर्चे पर लगाएगी। कहा जा रहा है कि पार्टी अब मनोज तिवारी सहित बिहार उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल के सांसदों की मदद लेगी।

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जल्द इन इलाकों के नेताओं को मोर्चे पर लगाएगी पार्टी

BJP worried of aap lover Purwancli voters

किरण बेदी को अचानक सीएम पद का उम्मीदवार बनाए जाने के खिलाफ सबसे पहले मोर्चा खोलने वाले पार्टी के एक नेता के मुताबिक, टिकट वितरण के समय सलाह दिए जाने के बावजूद पूर्वांचल के लोगों की उपेक्षा की गई।

बेदी के खिलाफ इन नेता को बयानबाजी करने पर फटकार लगाने और पार्टी द्वारा पूर्वांचलवासियों को पर्याप्त संख्या में टिकट नहीं दिए जाने से नाराजगी व्यापक विरोध में बदल गई।

पार्टी के एक वरिष्ठ नेता के मुताबिक चूंकि बिहार और उत्तर प्रदेश दोनों ही राज्य भाजपा की भविष्य की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है और पूर्वांचल के मतदाताओं की नाराजगी का असर दोनों राज्यों के संबंधित इलाके में भी पड़ सकता है। इसलिए पार्टी नेतृत्व अभी से सतर्क है।

उक्त नेता का कहना था कि पार्टी के लिए राहत की बात महज इतनी है कि इन इलाकों में आप का फिलहाल कोई जनाधार नहीं है लेकिन नाराजगी कायम रही तो मतदाता आप के अतिरिक्त कोई अन्य विकल्प भी आजमा सकते हैं।

यही कारण है कि ऐसी स्थिति न आने देने के लिए आलाकमान ने बजट सत्र के पहले हिस्से के बाद संबंधित इलाकों में व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाने का फैसला किया है। जनसंपर्क अभियान में पूर्वांचल की पृष्ठभूमि से जुड़े नेताओं, सांसदों और केंद्रीय मंत्रियों को शामिल किया जाएगा।

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