बांदा की 'दबंग दीदी' अब लड़ेंगी प्रधानी का चुनाव
गैंगरेप मामले में देश-विदेश के अखबारों की सुर्खियों में रही शीलू निषाद अब चुनावी समर में कूदेगी। वह अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत ग्राम प्रधान चुनाव से कर रही है। उसने पैतृक गांव शहबाजपुर से प्रधान पद का चुनाव लड़ने का एलान किया है।
2010 में एक विधायक के घर गैंगरेप का शिकार हुई शीलू का मामला मीडिया में छाया रहा। देश-प्रदेश के बड़े राजनीतिक दल व कई बड़े नेताओं ने शीलू की वकालत की। सभी आरोपी जेल गए।
तब से शीलू को सुप्रीमकोर्ट के आदेश से पुलिस सुरक्षा मिली है। वह नरैनी क्षेत्र में पैतृक गांव शहबाजपुर में भाई और पिता के साथ रह रही है। अब शीलू ने ग्राम प्रधान का चुनाव लड़ेगी।
प्रधान बनने की तमन्ना क्यों जागी?
प्रधान बनने की तमन्ना क्यों जागी? इस सवाल पर शीलू का कहना था कि उस पर जो बीती है, वह नहीं चाहती कि अब किसी भी अबला के साथ ऐसी घटना हो। अब वह अपने दुख से उबरकर गांव और समाज की सेवा करना चाहती है।
उसका पैतृक गांव बहुत पिछड़ा है। बिजली, पानी, सड़क नहीं है। उसने खुद के इंसाफ के लिए जिस तरह संघर्ष किया, अब उसी तरह अपनी मातृभूमि के लिए संघर्ष और सेवा करेगी।
शीलू अपना नामांकन 21 नवंबर को नरैनी ब्लाक में दाखिल करेगी। यहां तीसरे चरण में चुनाव होना है। मतदान 5 दिसंबर को है। शीलू ने शहबाजपुर सहित ग्राम पंचायत से जुड़े बरकोला, लोधी पुरवा आदि गांवों में जनसंपर्क भी शुरू कर दिया है।