मुसलमानों को पाकिस्तान कब भेज रहे हैं मोदी जी: आजम
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विवादास्पद बयानबाजी के लिए मशहूर प्रदेश के नगर विकास मंत्री मोहम्मद आजम खान शुक्रवार की रात बरेली में पूरे मूड में दिखे। रामपुर जाते हुए कुछ देर बरेली में रुके आजम खान सर्किट हाउस में पत्रकारों से रूबरू हुए। महाराष्ट्र की भाजपा सरकार द्वारा मुस्लिम आरक्षण खत्म करने के मुद्दे पर पुरानी रौ में आते हुए बोले-अब आप उनसे (मोदी से) ये पूछिए कि मुसलमानों को पाकिस्तान कब भेज रहे हैं। जब मुसलमानों को पाकिस्तान भेजने वाला पीएम हो सकता है, मुजफ्फरनगर का हत्यारा एमपी और मिनिस्टर हो सकता है तो क्या नहीं हो सकता।
आजम यहीं पर नहीं रुके। आगे बोले-दिल तोड़कर देश नहीं चलते। 1947 में दिल टूटे तो पाकिस्तान बना। जब पाकिस्तान ने दिल टूटा तो बांग्लादेश बना। हिंदुस्तान के बादशाह का दिल बड़ा होना चाहिए। अलीगढ़ विश्वविद्यालय के कुलपति जमीरउद्दीन शाह के लाइब्रेरी में लड़कियों के प्रवेश पर प्रतिबंध के सवाल पर बोले-ये यूनीवर्सिटी का अंदरूनी मामला है। वह इस पर कुछ नहीं कह सकते।
छत्तीसगढ़ में नसबंदी कांड पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाने पर लेते हुए आजम ने कहा कि इतने लोगों की मौत पर प्रधानमंत्री को अपना विदेश दौरा बीच में छोड़कर स्वदेश वापस आना चाहिए था। स्वच्छता अभियान पर तंज कसते हुए बोले- आप लोग थोड़े बहुत पत्ते डाल दीजिए। मैं भी झाड़ू पकड़कर अभियान में शामिल हो जाऊंगा।
अखिलेश यूपी के अकेले रत्न
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को स्वच्छता अभियान के नौ रत्नों में शामिल किए जाने के सवाल पर आजम खान ने कहा कि उनको नौ रत्न बनाने की घटिया बात कही गई है। उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री नौ रत्नों में नहीं हैं बल्कि अकेला रत्न है।
ईमानदारी से जिम्मेदारी पूरा करूंगी : डा. फात्मा
राज्यसभा के लिए नवनिर्वाचित सदस्य डा. तजीन फात्मा ने कहा कि नेता जी (मुलायम सिंह यादव) ने उनको जो जिम्मेदारी सौंपी है, उसे वो ईमानदारी से पूरा करेंगी। उन्होंने नेता जी का आभार जताया। कहा कि सांसद के रूप में रामपुर के विकास के लिए जो कुछ भी हो सकेगा वह करेंगी।
डा. फात्मा शुक्रवार को देर रात लखनऊ से रामपुर पहुंची। उनके साथ नगर विकास मंत्री आजम खान भी थे। उनको ट्रेन से रामपुर आना था, लेकिन वो सड़क मार्ग से पहुंची।
अमर उजाला से बातचीत में डा. फात्मा ने कहा कि मैंने पहले भी नेता जी से अनुरोध किया था कि अगर कोई बेहतर छूट रहा हो तो उसे टिकट दे दें। नेता जी ने अपना फैसला नहीं बदला। राजनीति में नई होने के सवाल पर कहा कि इनका (आजम खान) आधा काम तो मैं ही करती हूं। मुझे कोई दिक्कत नहीं होगी। उन्होंने एक सांसद के रूप में रामपुर के विकास के लिए जो कुछ करना होगा वो करेगी।