तत्काल टिकट में PAN का इस्तेमाल, हो जाएं सावधान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अगर आप रेलवे का तत्काल टिकट करवाने जा रहे हैं और आईडी प्रूफ के तौर पर अपना पैन नंबर इस्तेमाल कर रहे हैं तो थोड़ा सावधान हो जाएं। पैन कार्ड का इस्तेमाल करना आपके लिए जोखिम भरा हो सकता है।
ये सवाल इनकम टैक्स विभाग ने उठाया है। विभाग ने इस मामले में एक पत्र रेलवे बोर्ड को लिखा है। जिसमें रेलवे बोर्ड से इस मामले में सतर्कता बरतने की बात कही है।
अभी रिजर्वेशन के बाद तैयार चार्ट में यात्री के नाम, उम्र के साथ पैन नंबर दिया जाता है। आमतौर पर ये चार्ट स्टेशन पर सार्वजनिक तौर पर लगाया जाता है। आईटी विभाग के मुताबिक चार्ट में दर्ज पैन नंबर का इस्तेमाल कोई भी व्यक्ति बेनामी ट्रांजेक्शन में कर सकता है।
पैन नंबर का इस्तेमाल सावधानी से
चाहे ज्वैलर्स की दुकान में 5 लाख से अधिक के गहने की खरीद हो या फिर बैंक में 50 हजार से अधिक की राशि जमा करने का मामला हो। इन सभी जगहों पर कोई भी व्यक्ति ऐसे पैन नंबर का इस्तेमाल कर सकता है। जिसका खामियाजा उस व्यक्ति को उठाना पड़ेगा जिसके पैन नंबर का इस्तेमाल यहां किया जाएगा।
फिलहाल आईटी विभाग के पत्र पर रेलवे बोर्ड गंभीर हुआ है। उनका कहना है कि वो इस मुद्दे पर गंभीरता से विचार करेंगे। लेकिन लोगों को इसके लिए ज्यादा सावधानी बरतने की जरूरत है।
रेलवे के नियम के मुताबिक इस समय तत्काल टिकट की बुकिंग में जिन पहचान पत्र का इस्तेमाल किया जा रहा है उनमें आधार कार्ड, वोटर कार्ड, पैन कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, किसी भी राष्ट्रीयकृत बैंक का पासबुक, छात्रों के पहचान पत्र आदि शामिल हैं।