फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   Attack on law student in Meerut

लॉ स्टूडेंट पर हमला, कपड़े फाड़कर घसीटा

Mon, 09 Feb 2015 04:01 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ Updated Mon, 09 Feb 2015 04:01 PM IST
विज्ञापन
Attack on law student in Meerut

मेरठ के जागृति विहार में एलएलबी की छात्रा पर युवकों ने जानलेवा हमला किया और कपड़े फाड़ दिए। सरेआम सड़क पर घसीटा गया। शोर मचाने पर युवती को फेंक कर आरोपी फरार हो गए। चार दिन तक युवती अस्पताल में भर्ती रही। रविवार सुबह एसएसपी आवास पहुंचकर युवती ने शिकायत की। एसएसपी के आदेश पर आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज हुआ, जिसके बाद ताबड़तोड़ दबिश डालकर पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

विज्ञापन


पीड़ित युवती शास्त्रीनगर की रहने वाली है। पिता की मृत्यु हो जाने के बाद से वह जागृति विहार सेक्टर पांच स्थित अंकुर गेस्ट हाउस में नौकरी करती है। साथ ही मेरठ कॉलेज से लॉ कर रही है। आरोप है कि गेस्ट हाउस मालिक सुभाष भारती ने उससे अनैतिक संबंध बनाए और युवती पर टेस्ट ट्यूब से बच्चा पैदा करने का दबाव बनाया, मगर युवती ने इंकार कर दिया। इसके बाद भी उस पर अनैतिक संबंधों का दबाव बनाया जाता रहा।
विज्ञापन


युवती ने बताया कि तीन फरवरी की शाम पांच बजे जब युवती गेस्ट हाउस में थी, तो इसी बिल्डिंग में चल रहे अमन हास्पिटल के संचालक तैमूर, नासिर, वाजिद और अमित उर्फ मरिंडा वहां आए। उन्होंने युवती पर जानलेवा हमला किया और कपड़े भी फाड़ डाले। ये लोग युवती को सड़क पर ले आए और उसको घसीटना शुरू कर दिया। युवती ने बताया कि हत्या करने के इरादे से आरोपी ने उसको कार में डाल लिया। चीखपुकार सुनकर लोग इकट्ठे होने लगे तो आरोपी उसे चलती कार से फेंक कर फरार हो गए। इसी दौरान एक व्यक्ति ने मोबाइल फोन से फोटो भी लिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

एसएसपी को दिखाए मारपीट के फोटो और वीडियो

Attack on law student in Meerut

इसके बाद गेस्ट हाउस मालिक सुभाष भारती ने मामला मैनेज करने के उद्देश्य से युवती को एक अस्पताल में भर्ती कराया तथा एफआईआर दर्ज न करने का दबाव बनाया। रविवार को युवती ने छात्र नेता विनीत चपराणा, हिंदू संगठन नेता राहुल ठाकुर तथा अन्य लोगों से संपर्क किया, जिसके बाद वह लोग युवती को साथ लेकर एसएसपी आवास पहुंचे। एसएसपी को वह फोटो और वीडियो भी दिखाए गए, जो मौके से लिए गए थे।

एसएसपी एसएस बघेल ने सीओ स्वर्णजीत कौर और महिला थानाध्यक्ष को बुलाया तथा रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश दिया। मेडिकल थाने पर आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई। इसके बाद पुलिस ने दबिश डालकर आरोपी सुभाष भारती, तैमूर, मुर्तजा और दो महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया। मारपीट के दौरान खींचे गए फोटो में उक्त आरोपियों का चेहरा स्पष्ट आ रहा है। आरोपी मुर्तजा की पहचान फोटो देखकर हुई।

पीड़िता ने बताया कि तीन फरवरी को जब घटना हुई, तो मेडिकल थाने का एक सिपाही मौके पर मौजूद था। वह भी आरोपी अमित उर्फ मरिंडा का परिचित है, जिसके चलते वह मामला मैनेज करने में लगा रहा। पीड़िता जब मेडिकल थाने गई, तो वहां से भी बगैर रिपोर्ट दर्ज कराए और डरा धमका कर भगा दिया गया। युवती ने कहा कि आरोपी सिपाही के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।

दोपहर में मेडिकल, रात तक पूछताछ

Attack on law student in Meerut

महिला थाना पुलिस ने रविवार दोपहर जिला अस्पताल ले जाकर युवती का मेडिकल कराया। डाक्टरी रिपोर्ट में युवती के शरीर पर चोट के निशान मिले। कई जगह गहरे नील पड़े हैं, जो गुम चोट के कारण हुए। मेडिकल कराने के बाद युवती को महिला थाने ले जाया गया। रात करीब आठ बजे तक युवती से घटनाक्रम के बारे में बयान दर्ज कराया गया। युवती अपने आरोपों पर अड़ी रही।

अस्पताल पर पहुंची भीड़, मचा हड़कंप
युवती के साथ वारदात करने वाले दूसरे समुदाय के युवक जागृति विहार में अमन हास्पिटल से जुड़े हैं। इसके बाद रविवार दोपहर में हास्पिटल पर हिंदू संगठन के नेता और छात्राओं की भीड़ पहुंच गई। हिंदू संगठन के राहुल ठाकुर ने बताया कि अमन हास्पिटल का संचालन किठौर निवासी तैमूर करता है। इस सूचना पर मेडिकल और नौचंदी थाना पुलिस मौके  पर आई। वहीं, मामला दो संप्रदायों से जुड़ा होने के कारण खुफिया विभाग भी अलर्ट हो गया। सीओ एलआईयू ने भी मामले की जानकारी ली।

एसएसपी एसएस बघेल मामले में गेस्ट हाउस मालिक सुभाष भारती, अमन हास्पिटल के मालिक तैमूर तथा उसके साथियों के खिलाफ मेडिकल थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। रिपोर्ट में मारपीट, छेड़छाड़ और एससी एक्ट लगा है। पीड़िता का मेडिकल करा दिया है। मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज कराया जाएगा। मामले में तैमूर, सुभाष भारती, मुर्तजा और दो महिलाओं को पकड़ लिया है। मामले की जांच सीओ सिविल लाइन को दे दी गई है। पुलिस की भूमिका की जांच वे ही करेंगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed