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जेल में ही कटेगी आसाराम की रात, नार्को टेस्ट की मांग

Tue, 03 Sep 2013 08:37 PM IST
जोधपुर/ब्यूरो
जोधपुर/ब्यूरो Updated Tue, 03 Sep 2013 08:37 PM IST
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आसाराम की जेल से बाहर निकलने की उम्मीद पूरी नहीं हो सकी। मंगलवार की रात भी उन्हें जेल में ही काटनी पड़ेगी। जोधपुर जिला एवं सत्र न्यायालय में उनकी जमानत पर बहस अधूरी रही।

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यह सुनवाई बुधवार को सुबह 11 बजे से फिर शुरू होगी, जिसमें पुलिस की ओर से पक्ष रखा जाएगा और अदालत से आरोपी की जमानत अर्जी खारिज करने की मांग की जाएगी।

आसाराम के वकीलों ने अदालत से कहा है एफआईआर में पीड़िता के बयानों और तथ्यों को देखते हुए आसाराम पर धारा 376 नहीं लगाई जा सकती।

वकीलों ने पीड़िता के नाबालिग होने की यह कहते हुए शंका जताई कि वह गांव में पली-बढ़ी है। इस कारण पॉक्सो एक्ट भी नहीं लगता। वकीलों ने इन दलीलों के आधार पर अदालत से आसाराम को जमानत दिए जाने की मांग की है।
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अदालत में मंगलवार को दोपहर 2.30 बजे शुरू हुई आसाराम की जमानत पर सुनवाई दो घंटे चली। अदालत ने करीब 4.30 बजे सुनवाई अगले दिन तक के लिए टाल दी।

आसाराम के वकीलों ने आदालत से कहा कि पुलिस की ओर से इस मामले में दर्ज एफआईआर काफी कमजोर है और पीड़िता के बयान मानने योग्य नहीं हैं।

एफआईआर के तथ्यों और पीड़िता के दिए गए बयानों में काफी विरोधाभास है। उन्होंने आदालत से कहा कि पीड़िता की मेडिकल जांच रिपोर्ट भी दुष्कर्म (रेप) की पुष्टि नहीं रह रही।
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आसाराम के वकीलों ने अदालत से कहा एफआईआर को देखते हुए धारा 376 नहीं लगाई जा सकती। उनका तर्क था कि यह धारा शील भंग होने पर ही लगाई जा सकती है, लेकिन यदि रेप का प्रयास भी हुआ, तो यह धारा लागू नहीं होती।

वकीलों ने अदालत में पीड़िता की उम्र को चुनौती दी। उनका तर्क था कि पीड़िता गांव में पली-बढ़ी है, जहां सटीक उम्र को तवज्जोह नहीं दी जाती। केवल कहने से ही नाबालिग मान लेना उचित नहीं है।

ऐसे में बिना जांचे पॉक्सो एक्ट भी नहीं लगाया जा सकता। वकीलों ने अदालत से कहा कि इस मामले में गैर जमानती धारा 376 व पॉस्को एक्ट जबरन लगाया गया है।

वकीलों ने सुनवाई के दौरान कहा कि इन परिस्थितियों को देखते हुए आसाराम को जमानत दी जा सकती है। मंगलवार को आसाराम के वकीलों की दलीलों पर पुलिस की ओर से बहस की जाएगी।

गौरतलब है कि सोमवार को इस मामले में मुख्य आरोप आसाराम को जोधपुर की जिला एवं सत्र न्यायालय की ओर से 4 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। इससे पहले वे एक दिन की पुलिस रिमाण्ड पर रहे थे।


आसाराम के नार्को टेस्ट की मांग

राजस्थान महिला आयोग ने मांग की है कि रेप केस में फंसे आसाराम को खुद को निर्दोष साबित करने के लिए नार्को टेस्ट से गुजरना चाहिए। आयोग की अध्यक्ष प्रोफेसर लाडकुमारी जैन ने कहा कि अगर जरूरत पड़ती है, तो आसाराम को नार्को टेस्ट करवाना चाहिए।


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