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छत्तीसगढ़: नया नसबंदी कांड, एक महिला की मौत

Wed, 12 Nov 2014 07:21 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 12 Nov 2014 07:21 PM IST
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another sterilization case in chhattisgarh

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक नए इलाक़े में नसबंदी के बाद बैगा जनजाति की एक महिला की मौत हो गई है। वहीं नसबंदी के बाद 16 अन्य महिलाएँ अस्पताल में भर्ती हैं।

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कुछ ही दिन पहले बिलासपुर के पेंडारी में 83 महिलाओं की नसबंदी के बाद 13 महिलाओं की मौत हो गई थी। कई महिलाएँ अब भी अस्पताल में भर्ती हैं।

पेंडारी में महिलाओं की मौत के लिए जिम्मेवार ठहराए गए डाक्टर आरके गुप्ता ने ही यहां भी ऑपरेशन किया था। अब इस आपरेशन के कारण महिलाओं की हालत बिगड़नी शुरु हो गई है।
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सीजीखबर डॉट कॉम के अनुसार जिले के एक अधिकारी ने बताया कि गौरेला, पेंड्रा और मरवाही में भी राज्य शासन द्वारा आयोजित नसबंदी शिविर में 52 महिलाओं की नसबंदी की गई थी।
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इसमें से बड़ी संख्या में महिलाओं की तबीयत बिगड़नी शुरु हुई है और अभी तक 16 महिलाओं को गंभीर हालत में जिला मुख्यालय स्थित छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान यानी सिम्स में भर्ती कराया गया है।

सिम्स में जिन महिलाओं को भर्ती कराया गया है, उनमें दो महिलाएं विशेष संरक्षित जनजाति बैगा समुदाय की हैं। राज्य में बैगा, कमार, कोरवा, बिरहोर और पंडो को विशेष संरक्षित जनजाति में रखा है और इनकी नसबंदी पर पूरी तरह से रोक है।


इसके बाद भी बैगा महिलाओं की नसबंदी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। इस मामले में पेंड्रा के एसडीएम डाक्टर अभिमन्यु सिंह ने ताबड़तोड़ छापामार कार्रवाई की है और स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से एसडीएम ने सिप्रोसिन-500 नामक एंटीबायोटिक जब्त किया है।

उन्होंने कहा कि इसी दवा के कारण महिलाओं की तबीयत बिगड़ने की आशंका है।

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