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'चूहों के साथ शेर भी जाएंगे जेल'
एजेंसी/रालेगण सिद्धि
Updated Tue, 17 Dec 2013 11:00 AM IST
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कभी अपने सबसे विश्वास पात्र रहे अरविंद केजरीवाल पर एक बार फिर समाजसेवी अन्ना हजारे ने हमला बोला है। अन्ना ने सोमवार को कहा कि लोकपाल बिल काफी अच्छा है। चूहों को तो छोड़िए इस बिल से बड़े बड़े शेर भी जेल के अंदर होंगे।
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केजरीवाल ने यूपीए सरकार के लाए गए लोकपाल बिल की कड़ी आलोचना करते हुए कहा था कि इससे शेर तो छोड़िए चूहे तक जेल नहीं भेजे जा सकेंगे।
लोकपाल बिल को संसद से पास कराने के लिए सात दिन से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे अन्ना ने कहा, ‘आप चूहे की बात करते हैं। मुझे लगता है, बिल के प्रावधानों से शेर भी गिरफ्त में होंगे।’
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समाजसेवी के इस बयान को केजरीवाल की लोकपाल बिल के बारे में की गई टिप्पणी के संदर्भ में देखा जा रहा है। इस बीच केंद्र सरकार ने मौजूदा संसद सत्र में ही बिल को पास कराने के लिए कार्य दिवस बढ़ाने के भी संकेत दिए हैं।
राज्यसभा में लोकपाल बिल पर सोमवार को चर्चा होनी थी लेकिन केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री शीश राम ओला के निधन के चलते दोनों सदनों की कार्यवाही स्थगित कर दी गई।
अन्ना ने कहा कि उनका जीवन बेदाग रहा है और उनके चरित्र पर आज तक एक भी दाग नहीं लगा है। दिल्ली गैंगरेप पीड़िता की पहली बरसी पर अपनी श्रद्धांजलि देते हुए उन्होंने कहा कि सभी महिलाएं उनकी माताएं, बहनें हैं। हमें उनको एक दृष्टि से देखना चाहिए।
इस बीच अन्ना का वजन 4.3 किलो कम हो गया है और अधिक कमजोरी को देखते हुए उन्हें आईसीयू में भेजा जा सकता है।
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समाजसेवी के स्वास्थ्य पर लगातार नजर रख रहे डा. दिलीप माने ने कहा है कि अन्ना का वजन काफी कम हो गया है और कमजोरी को देखते हुए उन्हें आईसीयू में भेजा जा सकता है।
हालांकि हजारे ने अनशन तोड़ने से मना करते हुए आईसीयू में यह कहकर जाने से इनकार कर दिया कि मेरी कमजोरी मुझे मार नहीं डालेगी।