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इशरत मामले में बढ़ सकती हैं अमित शाह की मुश्किलें
अहमदाबाद/एजेंसी
Updated Tue, 16 Jul 2013 07:11 PM IST
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इशरत एनकाउंटर मामले में फंसे भाजपा नेता अमित शाह की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
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सीबीआई ने विशेष अदालत में आरोप पत्र के साथ दो पेन ड्राइव भी जमा की हैं, जिसमें से एक में कथित तौर गुजरात के पूर्व गृह मंत्री अमित शाह और आरोपी पुलिस अधिकारी के बीच फोन पर हुई बातचीत रिकॉर्ड है।
आरोपियों में से एक निलंबित आईपीएस अधिकारी जीएल सिंघल ने सीबीआई को दो पेन ड्राइव सौंपी हैं, जिसमें से एक में उसने गोपनीय रूप से अपने और शाह के बीच हुई बातचीत को रिकॉर्ड किया है।
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सीबीआई के आरोप पत्र के अनुसार, ‘सिंघल ने जानकारी दी है कि इस बातचीत को अगस्त और सितंबर, 2009 में रिकॉर्ड किया गया था और इसका संबंध पुलिस के दुरुपयोग से है।’
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जबकि दूसरी पेन ड्राइव में इस बात का पता चला है कि नवंबर, 2011 में इस मामले में फंसे नौ पुलिस अधिकारियों समेत उच्च अधिकारियों व मंत्रियों ने बैठक कर एनकाउंटर की जांच को रोकने की रणनीति बनाई थी।
आरोप पत्र के मुताबिक इस बैठक में एडवोकेट जनरल कमल त्रिवेदी, जीएल सिंघल, रोहित वर्मा, सिंघल का एडवोकेट दोस्त गिरीश मुरमू, मुख्यमंत्री का सचिव एके शर्मा, तत्कालीन आईजी प्रफुल्ल पटेल, राज्य के तत्कालीन गृहमंत्री प्रदीप सिंह जडेजा, कानून मंत्री भूपेंद्र सिंह चौदसामा और अन्य आरोपी तरुण बरोट शामिल थे।
यह बैठक एडवोकेट जनरल के निजी चैंबर में आयोजित की गई। उस समय गुजरात हाईकोर्ट ने विशेष जांच टीम (एसआईटी) को जांच का जिम्मा सौंपा था, जबकि बैठक में जांच में खलल डालने की रणनीति तैयार की जा रही थी।