शाह की टीम में फेरबदल, कई चेहरे इधर से उधर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आखिरकार लंबे इंतजार के बाद भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने केंद्रीय संगठन में खाली पड़े पदों को भरने का सिलसिला शुरू कर दिया है। इस क्रम में शाह ने तीन सचिवों को तरक्की देते हुए बुधवार को तीन-तीन नए महासचिव, उपाध्यक्ष और चार नए सचिवों के नाम का ऐलान किया है।
खाली पदों को भरने में एक तरफ जहां पार्टी अध्यक्ष ने चुनावी राज्यों का ध्यान रखा है, वहीं बीते विधानसभा चुनाव में बेहतर नतीजे दिलाने वाले नेताओं को पुरस्कृत किया है। राष्ट्रीय टीम में जगह पाने वालों में जम्मू-कश्मीर में पार्टी के प्रवक्ता और सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी फारुख खान भी हैं, जिन्हें राष्ट्रीय सचिव की टीम में शामिल किया गया है।
उत्तर प्रदेश के प्रभारी ओम माथुर को उम्मीद के अनुरूप तरक्की नहीं मिली हैं। राष्ट्रीय टीम में पहले भी महासचिव की भूमिका निभाने चुके माथुर की पार्टी उपाध्यक्ष के तौर पर नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। महासचिवों की टीम में जगह बनाने वालों में पार्टी सचिव और गृह मंत्री के रिश्तेदार अरुण सिंह, हरियाणा में बतौर प्रभारी और बतौर चुनाव प्रभारी अहम भूमिका निभाने वाले अनिल जैन और कैलाश विजयवर्गीय को महासचिवों की टीम में जगह दी गई है।
तीन नए महासचिवों-उपाध्यक्षों और चार नए सचिवों की घोषणा
इसी प्रकार जम्मू-कश्मीर में बतौर प्रभारी बेहतर प्रदर्शन करने वाले अविनाश राय खन्ना को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। अब तक सचिव के पद पर कार्यरत श्याम जाजू को भी उपाध्यक्ष बनाया गया है।
उल्लेखनीय है कि पार्टी के खाली पद ऐसे समय भरे गए हैं जब कुछ दिन पूर्व ही पार्टी के एक शीर्ष नेता ने संगठन विस्तार की संभावनाओं से साफ इंकार किया था।
खाली पद भरे जाने के बाद केंद्रीय संगठन में उपाध्यक्षों की संख्या 10 और महासचिवों की संख्या 8 हो गई है। संगठन में खाली पदों को भरने के क्रम में शाह ने चुनावी राज्यों का भी खास ध्यान रखा है। इसी के मद्देनजर असम के प्रभारी महेंद्र सिंह, उड़ीसा के पूर्व अध्यक्ष सुरेश पुजारी बतौर सचिव नई टीम में जगह दी गई है।
उत्तर प्रदेश के प्रभारी ओम माथुर उपाध्यक्ष बने
इस क्रम में उत्तर प्रदेश के प्रभारी ओम माथुर को जहां फिर से राष्ट्रीय टीम में जगह दी गई है, वहीं इसी राज्य के अरुण सिंह को तरक्की दे कर महासचिव जैसा महत्वपूर्ण ओहदा दिया गया है।
खास बात यह है कि रिक्तियों को भरने के क्रम में बिहार, उत्तराखंड को तवज्जो नहीं दी गई है।
पार्टी सूत्रों का कहना है कि निकट भविष्य में जम्मू-कश्मीर के फारुख खान को प्रवक्ता बनाया जा सकता है। नेतृत्व की योजना उन्हें बतौर अल्पसंख्यक नेता खड़ा करने की है। नई टीम में शामिल होने की दौर में कई नेता शामिल थे।