वाराणसी में मोदी मिशन को अखिलेश का झटका
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एक ही छत के नीचे कालीन, बनारसी साड़ी और बनारसी खिलौनों के उत्पादन और विक्रय की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘क्लस्टऱ’ योजना को उनके ही संसदीय क्षेत्र वाराणसी में झटका लगा है।
योजना के लिए वस्त्र मंत्रालय ने चौकाघाट स्थित सांस्कृतिक संकुल के भूखंड की मांग की थी, जिसे प्रदेश सरकार ने देने से इनकार कर दिया है। प्रदेश सरकार के इस कदम से बुनकरों की बेहतरी के लिए केंद्र सरकार की दो सौ करोड़ रुपये की योजना अधर में लटक गई है।
भाजपा विधायक रवींद्र जायसवाल ने शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में केंद्रीय योजनाओं को विफल करने का सपा सरकार पर आरोप लगाया है।
भाजपा विधायक ने की सपा सरकार की आलोचना
भाजपा विधायक ने कहा कि ऐसा पहले कभी नहीं हुआ कि फंड आवंटित होने के बाद भी योजना शुरू होने में अनिश्चितता हो। सांस्कृतिक संकुल में खाली पड़े सात एकड़ के भूखंड पर क्लस्टर विकसित किया जाना था, मगर अब वहां जमीन नहीं मिलने से पूरी योजना अधर में लटक गई है।
जायसवाल ने बताया कि क्लस्टर के लिए चौकाघाट के बुनकर सेवा केंद्र और खादी ग्रामोद्योग बोर्ड के भूखंड के अलावा चांदमारी स्थित सीपीडब्लूडी की जमीन की नाप-जोख चल रही है। वस्त्र मंत्रालय के अधिकारी जल्द ही यहां का दौरा कर अपनी रिपोर्ट देंगे।
उन्होंने कहा कि क्लस्टर बनने से बुनकरों को काफी लाभ होगा। क्लस्टर में एक ही स्थान पर कच्चा माल, बुनाई, बिक्री के लिए स्टॉल और अन्य सुविधाएं उन्हें मुहैया होंगी। साथ ही, यहां बनारस के खानपान-साहित्य और संगीत की विरासत को भी सहेजने की तैयारी है।