मोदी की पाक यात्रा के पीछे एनएसए डोभाल की अहम भूमिका
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लाहौर में रुकने की योजना के पीछे राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल और उनकी टीम की अहम भूमिका मानी जा रही है।
मोदी की रूस और अफगानिस्तान यात्रा पर रवाना होने से पहले ही डोभाल ने सलाह दी थी कि अगर मौका मिले तो पीएम पाकिस्तान में थोड़े देर रुक कर कूटनीतिक बढ़त हासिल कर सकते हैं।
उच्चपदस्थ सरकारी सूत्रों के मुताबिक विदेश मंत्रालय में इस योजना की जानकारी मंत्री सुषमा स्वराज और सचिव एस जयशंकर के अलावा किसी को नहीं थी।
डोभाल दे रहे हैं पीएम को सलाह
सूत्रों के मुताबिक सुषमा स्वराज की हाल की पाकिस्तान यात्रा के बाद समग्र
वार्ता के लिए जिस तरह का माहौल बना उससे भारत की ओर से एक गंभीर संकेत की
जरूरत थी।
मोदी ने लाहौर में रुक कर पाक सरकार पर आगे का रास्ता सुगम करने
का खासा दबाव बना दिया है। सूत्रों ने बताया कि कूटनीतिक तौर पर देखा जाए
तो अब भारत को 26/11 के मुकदमे और आतंकवाद को लेकर अपनी शर्तें मनवाने में
आसानी होगी।
पेरिस में जलवायु परिवर्तन सम्मेलन के दौरान मोदी और नवाज शरीफ
के बीच चंद मिनटों की बातचीत में यह फैसला हो गया था कि अब दोनों देश जो
भी कदम उठाएगा उसमें गोपनीयता बरती जाएगी।
ऐसा इसलिए ताकि दोनों देशों की
तरफ से उठाए गए किसी भी कदम पर परस्पर विरोधी गुटों को माहौल खराब करने का
मौका नहीं मिले। माना जाता है कि पाकिस्तान मामले में डोभाल और उनकी टीम
विदेश मंत्रालय से इतर प्रधानमंत्री को सलाह दे रहे हैं।