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'तीन घंटे हिजाब न पहनने से आस्था खत्म नहीं हो जाएगी'

Fri, 24 Jul 2015 07:50 PM IST
Updated Fri, 24 Jul 2015 07:50 PM IST
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AIPMT: Supreme Court refuses to allow hijab in test

सुप्रीम कोर्ट ने ऑल इंडिया प्री मेडिकल टेस्ट (एआईपीएमटी) को शनिवार को होने वाली परीक्षा में छात्राओं को हिजाब पहनने की इजाजत देने से इनकार कर दिया है।

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कोर्ट ने कहा कि तीन घंटे हिजाब या सिर पर कुछ अन्य चीज न पहनने से विश्वास खत्म नहीं हो जाएगा। स्टूडेंट इस्लामिक ऑरग्नाइजेशन ऑफ इंडिया ने एआईपीएमटी के लिए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड(सीबीएसई) द्वारा निर्धारित ड्रेस कोड को चुनौती दी थी।
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चीफ जस्टिस एचएल दत्तू की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ कहा कि याचिकाकर्ता संगठन की ओर से पेश वरिष्ठ वकील संजय हेगडे से कहा कि परीक्षा वाले दिन छात्राओं को हिजाब नहीं पहनने के लिए कहा गया है, इसमें दिक्कत क्या है। इससे विश्वास खत्म नहीं होने जा रहा। पीठ ने इसे छोटा मुद्दा बताया। पीठ ने कहा कि गत तीन मई को आयोजित परीक्षा में बड़े पैमाने पर हुई गड़बडी को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने दोबारा परीक्षा आयोजित करने का निर्देश दिया था।
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सीबीएसई ने लिया निर्णय

AIPMT: Supreme Court refuses to allow hijab in test

परीक्षा सही तरीके से आयोजित हो, इसलिए सीबीएसई ने यह निर्णय लिया है। पीठ ने कहा कि एक याचिका इस बात को लेकर है कि टोपी पहनने की इजाजत दी जाए। दूसरी याचिका में कुर्ता पहनने की इजाजत मांगी गई क्योंकि उनके अनुसार यह उनकी धार्मिक परंपरा का हिस्सा है। सिर्फ इसलिए कि आप कुछ अन्य वस्त्र पहनते हैं, हमें इस तरह की याचिकाएं स्वीकार कर लेनी चाहिए।

हेगडे ने कहा कि यह विश्वास से जुड़ा मामला है। सीबीएसई का ड्रेस कोड किसी खास समुदाय केधार्मिक चलन में हस्तक्षेप करता है। अगर हमें धार्मिक मान्यताओं को मानना होगा तो हमें यह परीक्षा त्यागना पड़ेगा। इस पर पीठ ने कहा कि यह कुछ और नहीं बल्कि अहम है। पीठ ने सवाल किया कि क्या होगा अगर सभी हिजाब या कुछ अन्य चीजें पहन कर आएं और कहें कि यह धार्मिक परंपरा है। ऐसे में क्या परीक्षक सभी से उसके विश्वास केबारे में पूछेगा।

पीठ ने कहा कि आप परीक्षा दीजिए, कुछ नहीं होगा। इसकेबाद वरिष्ठ वकील ने याचिका वापस लेने की इजाजत मांगी, जिसे अदालत ने मंजूर कर लिया। मालूम हो एआईपीएमटी केलिए सीबीएसई ने छात्रों को परीक्षा केंद्रों पर हल्के वस्त्र, आधी बाजू वाले ड्रेस, चप्पल पहन कर आने का निर्देश दिया है। छात्रों को बगैर हिजाब, घड़ी के आने के लिए कहा गया है।

पेन ले जाने की भी इजाजत नहीं

AIPMT: Supreme Court refuses to allow hijab in test

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से आयोजित ऑल इंडिया प्री-मेडिकल प्री डेंटल की परीक्षा आज (शनिवार को) दोबारा आयोजित होने जा रही है। परीक्षा में गड़बड़ी को रोकने के लिए इस बार सीबीएसई ने कड़े सुरक्षा प्रबंध किए हैं। परीक्षा में उम्मीवारों को पेन ले जाने की भी अनुमति नहीं होगी। ओएमआर शीट को भरने के लिए परीक्षा सेंटर पर ही बाल प्वाइंट पेन उपलब्ध कराए जाएंगे।

बोर्ड ने उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वह ऐसी कोई सामग्री लेकर परीक्षा देने ना जाएं, जिससे कि नकल करने की स्थिति बनती हो। मालूम हो कि सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व में हुए एआईपीएमटी को रद्द कर सीबीएसई को नए सिरे से परीक्षा आयोजित करने का आदेश दिया था। इस आदेश के बाद 25 जुलाई को परीक्षा दोबारा आयोजित की जा रही है। देशभर में एक हजार से अधिक सेंटर बनाए गए हैं।

नकल या पेपर लीक की घटना न हो, इसके लिए सीबीएसई ने कई सुरक्षा प्रबंध किए हैं। बोर्ड ने उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वह पेन लेकर सेंटर पर ना जाएं। सीबीएसई ने परीक्षा के लिए ड्रेस कोड भी लागू किया है। हालांकि उम्मीदवार अपने पसंदीदा कपड़े पहन कर आ सकते हैं। उसके लिए उन्हें तय समय से पहले सेंटर पर पहुंचना होगा।

सीबीएसई ने साफ किया है कि सुबह 9:30 बजे के बाद परीक्षा देने की अनुमति नहीं होगी। उम्मीदवारों को नए एडमिट कार्ड से ही एंट्री मिलेगी। एडमिट कार्ड के साथ उन्हें राजपत्रित अधिकारी द्वारा सत्यापित दो पासपोर्ट साइज फोटाग्राफ लेकर पहुंचना होगा। सीबीएसई ने परीक्षा केंद्रों को हिदायत दी है कि उम्मीदवारों को घड़ी पहन कर आने की मनाही है, लिहाजा वह परीक्षा हॉल में समय देखने के लिए एक घड़ी जरूर लगाएं।

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