बेटे की चाहत फिर अधूरी, 13 बेटियों के पिता को हुई एक और लड़की
फोटो- The Indian Express से साभार
गुजरात के दाहोद जिले के झारीबउझी गांव के 35 वर्षीय राम संगोड़ और उनकी 33 वर्षीय पत्नी कानू के सपने एक बार फिर टूट गए। 14 बेटियों और एक 1 बेटे के पिता राम सिंह को आशा थी कि उनकी पत्नी की गर्भ में पल रहे बच्चा इस बार लड़का होगा ताकि उनका दो बेटों का सपना पूरा हो जाए, लेकिन वो पूरा नहीं हो सका।
हाल ही में कानू ने एक लड़की को जन्म दिया है, जो इस परिवार की 15 वीं लड़की है। इस लड़की की जन्म के बाद राम सिंह का कहना है कि वे अभी एक और बार प्रयास करेंगे कि उन्हें लड़का हो जाए।
राम सिंह की पत्नी कानू का कहना है कि वे अपने पति को यह समझाने की कोशिश कर रही हैं कि हो सकता है कि ईश्वर हमारी झोली में सिर्फ एक ही लड़का देना चाहते हों।
अब और गर्भधारण की स्थिति में नहीं हूं मैं
हमें अब एक और बेटे की चाहत यहीं खत्म कर देनी चाहिए, लेकिन मैं चाहती हूं कि मैं अपना गर्भाशय निकलवा दूं। उन्होंने कहा कि मैं जानती हूं कि कमजोर हो चुकी हूं और मैं अब और गर्भ धारण करने की स्थिति में नहीं हूं।
वहीं राम सिंह इस बच्ची के जन्म लेने के बाद कह रहे हैं कि हमें एक और बार प्रयास करना चाहिए। कानू का कहना है कि वो अभी इस बच्ची का नाम सोच रही है। वो चाहती हैं कि उनके भविष्य के बारे में उनके पति फैसला करें।
उन्होंने कहा कि अगर मेरे पति मुझे गर्भाशय निकलवाने को कहते हैं तो यह मेरे लिए बेहतर होगा। उन्होंने कहा कि खुद को जिंदा रखने के लिए हमारे पास बहुत कुछ नहीं है।
लेकिन पति की भी बाते सही हैं
मेरा शरीर भी अब फिर में एक और गर्भ के लिए तैयार नही है लेकिन मैं अपने पति के भी कारणों को समझती हूं कि वे एक और बार मुझे गर्भ क्यों धारण कराना चाह रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि एक लड़का अपने परिवार और बहनों की अपेक्षाएं पूरी नहीं कर सकता। लेकिन मेरा दिल और शरीर इसकी गवाही नहीं देता।
वहीं राम सिंह का कहना है कि हमारे बिरादरी में बहनों की जिंदगी में भाई का बड़ा स्थान होता है। बहनों की शादी में भाई उन्हें मंहगे तोहफे देते हैं और 13 लड़कियों के बाद एक लड़का कैसे सब कुछ संभाल सकेगा इसलिए हम एक और लड़के की चाहत में हैं।
राम सिंह और कानू की शादी 18 वर्ष की उम्र में हुई थी। इनके परिवार में सबसे बड़ी बेटी सेवांता है जिसकी उम्र 17 साल है और फिर निरू जिसकी शादी बीते मार्च में हुई है वो अभी 15 साल की है। उसके बाद सारंग(14), हंसा(13), जोशना(12), रंजन(10), मीना(9) पायल (8), मोनी(7), हसीना (5)किंजल (4), बैगन (3) और विजय (18 माह) का है।