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चुनावी सर्वे: आप की चाहत घटी, भाजपा की बढ़ी

Tue, 04 Mar 2014 10:49 AM IST
Updated Tue, 04 Mar 2014 10:49 AM IST
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according to survery bjp voter % will be increased

समाचार चैनल सीएनएन-आईबीएन और सीएसडीएस के सर्वेक्षण के मुताबिक दिल्ली में अगर अभी चुनाव हों तो भाजपा को फायदा होगा। सर्वेक्षण के मुताबिक अगर अभी चुनाव होते हैं तो भाजपा को 36 फीसदी वोट, आम आदमी पार्टी को 35 फीसदी और कांग्रेस को 22 फीसदी वोट मिलते दिख रहे हैं।

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दिल्ली में अगर अभी लोकसभा चुनाव हों तो वोट फीसदी के आधार पर दिल्ली की सात सीटों में से आम आदमी पार्टी को 2 से 4 सीटें मिल सकती हैं। वहीं भाजपा को भी 2-4 और कांग्रेस को 0-2 सीटें मिलती दिख रही हैं।

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आम आदमी पार्टी बन गई तीसरी ताकत

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सर्वेक्षण के मुताबिक दिल्ली-एनसीआर, उत्तर भारत और शहरी इलाकों में आप यानि आम आदमी पार्टी तीसरी ताकत बन चुकी है। कई इलाकों में आम आदमी पार्टी, कांग्रेस और भाजपा दोनों का खेल बिगाड़ सकती है।

अरविंद केजरीवाल भ्रष्टाचार को मुख्य चुनावी मुद्दा बना चुके हैं। पहले आम आदमी पार्टी के उदय को भाजपा और कांग्रेस हल्के में ले रही थी। लेकिन दिल्ली में जीत के बाद उसकी राजनीतिक महत्वाकांक्षा अब दोनों पार्टियों के लिए चिंता का विषय बन चुकी है।

दिल्‍ली विधानसभा में सबसे आगे 'आप'

according to survery bjp voter % will be increased

दिल्ली में सीएनएन-आईबीएन और सीएसडीएस के सर्वे में दो 10 बड़ी बातें सामने आईं। उनके मुताबिक जनवरी से अब तक भाजपा के वोट शेयर में 6 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आप के वोट शेयर में 13 फीसदी गिरावट की आशंका है। कांग्रेस को कुछ फायदा होने के आसार दिखाई दिए हैं। हर तबके के बीच आप की लोकप्रियता में जबरदस्त गिरावट देखने को मिली है।

सर्वे के मुताबिक युवाओं के बीच आप की लोकप्रियता को सबसे ज्यादा झटका लगता नजर आया है। लेकिन दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए आप अब भी सबसे आगे है। विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस को और नुकसान हो रहा है। ज्यादातर लोग ये मानते हैं कि केजरीवाल का इस्तीफा गलत है। सीधे मुकाबले में दिल्ली के लोग मोदी के बजाय केजरीवाल को पीएम चाहते हैं। लोग ये भी मानते हैं कि केजरीवाल की प्राथमिकता दिल्ली नहीं बल्कि लोकसभा चुनाव है।

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