फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   aam aadmi party status on risk.

बड़ी खबर: खत्म हो सकती है आप की मान्यता

Thu, 19 Mar 2015 09:11 AM IST
ब्यूरो, एजेंसी/अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो, एजेंसी/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Thu, 19 Mar 2015 09:11 AM IST
विज्ञापन
aam aadmi party status on risk.

लोकसभा चुनाव में हुए खर्चों का ब्योरा न सौंपने की वजह से आम आदमी पार्टी समेत देश की छह राजनीतिक पार्टियों की मान्यता रद्द होने का खतरा मंडराने लगा है। चुनाव आयोग ने इस सिलसिले में उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया है।

विज्ञापन


चुनाव आयोग ने इन पार्टियों को चेतावनी देने के लिए चुनाव चिन्ह से जुड़े कानून की धारा 16 (ए) के प्रावधानों का इस्तेमाल किया है। इसके तहत आयोग को तय नियमों का पालन न करने के आरोप में पार्टियों की मान्यता वापस लेने या निलंबित करने का अधिकार है। आयोग ने पार्टियों को खर्चे का ब्योरा देने के लिए 20 दिन का अतिरिक्त समय दिया है। इसके बाद और समय नहीं दिया जाएगा।
विज्ञापन


चुनाव आयोग ने खर्चे का ब्योरा न देने पर जिन दलों को नोटिस दिया है उनमें आम आदमी पार्टी के अलावा, पीपुल्स पार्टी ऑफ अरुणाचल, झारखंड मुक्ति मोर्चा, केरल कांग्रेस, नेशनल पीपुल्स पार्टी ऑफ मणिपुर और हरियाणा जनहित कांग्रेस (बीएल) शामिल हैं। आयोग इस नोटिस से पहले इन दलों को दो रिमांइडर भेज चुका है, लेकिन दलों ने इनकी अनदेखी की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रिमाइंडर की दलों ने की अनदेखी

aam aadmi party status on risk.

नियमों के मुताबिक आम चुनाव लड़ने वाली सभी राजनीतिक पार्टियों को 90 दिनों के अंदर चुनाव आयोग के सामने खर्चे का ब्योरा पेश करना होता है। इसमें नाकाम रहने पर उनका चुनाव चिन्ह और फिर मान्यता रद्द हो जाती है।

आयोग ने इन दलों को पिछले साल 22 अक्टूबर और 28 नवंबर को रिमांडर भेजे थे लेकिन इनका कोई जवाब नहीं मिला था। मजबूर होकर आयोग को आखिरी कारण बताओ नोटिस जारी करना पड़ा।

इन्होंने नहीं सौंपा खर्चे का ब्योरा
आम आदमी पार्टी, पीपुल्स पार्टी ऑफ अरुणाचल, झारखंड मुक्ति मोर्चा, केरल कांग्रेस, नेशनल पीपुल्स पार्टी ऑफ मणिपुर और हरियाणा जनहित कांग्रेस (बीएल)।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed