फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   7-year hitch: Husband can’t be heir, Supreme Court rules

कोर्ट का फैसला, पत्नी की संपत्ति पर नहीं होगा पति का हक

Wed, 20 Jan 2016 07:35 PM IST
Updated Wed, 20 Jan 2016 07:35 PM IST
विज्ञापन
7-year hitch: Husband can’t be heir, Supreme Court rules

उच्चतम न्यायालय ने अहम फैसला सुनाते हुए कहा कि अगर किसी संदिग्ध स्थिति में पत्नी की मौत हो जाती है तो पति उसकी संपत्तियों और स्त्रीधन पर अपना हक नहीं जता सकता।

विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश टीएस ठाकुर, न्यायाधीश एके सिकरी और न्यायाधीश आर भानुमति की पीठ ने यह स्पष्ट किया कि अगर शादी के सात सालों के भीतर किसी महिला की संदिग्ध परिस्तिथियों में मौत हो जाती है तो उसकी संपत्ति उसके बच्चों या उनके न होने पर उसके मायके के लोगों को दे दी जाएगी।
विज्ञापन


हालांकि, न्यायालय ने ये भी कहा कि अगर सामान्य परिस्थितियों में महिला की मौत होती है तो उसके ससुराल पक्ष के लोग उसकी संपत्ति पर अपना दावा कर सकते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

संपत्तियों को करना होगा पत्नी के हवाले

7-year hitch: Husband can’t be heir, Supreme Court rules

दहेज निषेध अधिनियम की धारा 6 का जिक्र करते हुए शादी के तीन महीनों के भीतर दहेज में मिले सामानों को महिला के सुपुर्द करना होगा। महिला का पति या उसके ससुराल वाले यदि उसकी चल-अचल संपत्तियों को उसके हवाले नहीं करते तो उनपर मुकदमा चलाया जा सकता है।

न्यायालय ने यह फैसला एक आदमी और उसके परिवारवालों के ओर से दायर की गई याचिका की सुनवाई करने के बाद सुनाया। इस मामले में शादी के 15 महीनों के भीतर ही महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी और वे पत्नी के घरवालों को उसकी संपत्ति वापस नहीं करना चाहते थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed