फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   61 percent want to retire After more than 45 years

50 से भी कम उम्र में रिटायर होना चाहते हैं 61% भारतीय

Mon, 01 Feb 2016 05:43 AM IST
Updated Mon, 01 Feb 2016 05:43 AM IST
विज्ञापन
61 percent want to retire After more than 45 years

वैश्विक बैंक एचएसबीसी के एक सर्वे के अनुसार, भारत की कामकाजी जनसंख्या में 45 वर्ष से अधिक उम्र के तकरीबन 61 प्रतिशत व्यक्ति अगले पांच साल में रिटायर होना चाहते हैं।

विज्ञापन


इनमें से ज्यादातर लोगों का कहना है कि काम से संबंधित दबाव के कारण उनका मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है। इसके अलावा सर्वे के अनुसार लोगों के रिटायर होने में सबसे बड़ी बाधा आर्थिक परेशानी है।
विज्ञापन


एचएसबीसी के ‘द फ्यूचर ऑफ रिटायरमेंट हेल्दी न्यू बिगिनिंग्स’ अध्ययन के नवीनतम संस्करण के अनुसार, 45 वर्ष से अधिक उम्र के लगभग 61 प्रतिशत व्यक्ति जो अगले पांच साल में रिटायर होना चाहते हैं, में से 14 फीसदी का मानना है कि वह ऐसा नहीं कर पाएंगे। उनमें से ज्यादातर का मानना है कि वे आर्थिक कारणों से रिटायर नहीं हो सकते।

विज्ञापन
विज्ञापन

काम से संबंधित दबाव के कारण

61 percent want to retire After more than 45 years

सर्वे में कहा गया है कि भारतीयों को बचत की जल्द शुरुआत करने और अपने रिटायरमेंट की योजना बनाने की तत्काल जरूरत है। रिपोर्ट के अनुसार, 43 प्रतिशत कामकाजी लोग अगले पांच वर्षों में इसलिए रिटायर होना चाहेंगे ताकि वे अपने परिवार के साथ ज्यादा वक्त गुजार सकें।

34 प्रतिशत व्यक्ति घूमने और अपने दूसरे शौक पूरा करने के लिए रिटायर होना चाहते हैं। जबकि 20 फीसदी दूसरे कैरियर या अपनी इच्छा से काम करने के लिए रिटायर होना चाहते हैं। हालांकि, 59 प्रतिशत लोगों ने काम से जुड़े दबाव और मसलों को कारण बताते हुए रिटायर होने की इच्छा जाहिर की।

एचएसबीसी इंडिया के रिटेल बैंकिंग और वेल्थ मैनेजमेंट के प्रमुख एस रामाकृष्णन ने कहा, ‘विश्व भर में लोग यह समझ रहे हैं कि रिटायरमेंट उनके लिए कुछ नया करने का एक अवसर हो सकता है।

लेकिन आर्थिक अड़चनों के कारण लोग चाह कर भी रिटायर नहीं हो पाते। लगभग पांच में से एक व्यक्ति का मानना है कि वह कभी भी पूरी तरह रिटायर नहीं होंगे। इसलिए एक अच्छे फाइनेंशियल प्लानिंग की ज्यादा जरूरत है।’

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed