बिहार में 6000 करोड़ का मनरेगा घोटाला?

पटना/इंटरनेट डेस्क Updated Fri, 30 Nov 2012 11:52 AM IST
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6000 crore mnrega scam in bihar

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बिहार में मनरेगा में 6000 करोड़ रुपये घपले का मामला सामने आया है। एनजीओ 'सेंटर फॉर इन्वायरमेंट एंड फूड सिक्योरिटी' ने दावा किया है कि फर्जी जॉब कार्ड और मास्टर रोल के जरिए कुछ लोगों ने सरकारी खजाने को करीब 6000 करोड़ का चूना लगाया है।
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इस मामले पर राजनीति भी शुरू हो गई है। बिहार सरकार ने जांच के आदेश देते हुए 30 नवंबर तक रिपोर्ट देने को कहा है। वहीं राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने सीबीआई जांच की मांग की है।
इस मसले में एनजीओ ने कुछ भुक्तभोगियों से बात की। बिहार के भोजपुर जिले की भरौली पंचायत के टिकठी गांव के मुकुट पासवान ने बताया कि उनका जॉब कार्ड नंबर 40 है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक उन्होंने 20 दिन काम किया लेकिन उन्हीं के नाम पर फर्जी तरीके से 42 दिन काम दिखाकर 5664 रुपये निकाल लिए गए। सच तो यह है कि मुझसे दस दिन काम कराया गया और पांच दिन का साइन कराकर 100 रुपया दिया गया।
वहीं इसी इलाके के बबन पासवान का कहना है कि उनके जॉब कार्ड नंबर आठ पर भी 18 की जगह 42 दिन का दिखाकर गलत तरीके से पैसे निकाल लिए गए। बबन ने बताया कि वे 8-9 बार काम पर गए। हर बार उन्हें 100 रुपये देकर बाकी पैसे हड़प लिए गए।

एनजीओ का दावा है कि साल 2006-07 से 2011-12 के बीच 8189 करोड रूपए खर्च किए गए। इनमें करीब 6000 करोड़ रुपये (73 फीसदी) का भुगतान गलत ढंग से किया गया है।

मनरेगा में घोटाले का खुलासा कई अन्य जिलों में भी हुआ है। इनमें पूर्णिया, कटिहार, बेगूसराय, मुजफ्फरपुर, वैशाली, नालंदा, नवादा, गया, भोजपुर और बक्सर शामिल है। वहीं प्रदेश के 27 जिले में सर्वे होने अभी बाकी है।
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