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उम्रकैद मतलब ताउम्र सलाखों के पीछे:सुप्रीम कोर्ट

Thu, 24 Sep 2015 10:00 PM IST
Updated Thu, 24 Sep 2015 10:00 PM IST
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'14 years in jail is not life term'

सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर यह साफ किया है कि उम्रकैद की सजा का मतलब है आखिरी सांस तक सलाखों के पीछे रहना। शीर्ष अदालत ने कहा कि यह किसने कहा कि उम्रकैद का मतलब 14 वर्ष है।

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न्यायमूर्ति टीएस ठाकुर की अध्यक्षता वाली पीठ ने गुरुवार को उम्रकैद की सजा को एक बार से स्पष्ट करते हुए कहा कि उम्रकैद की सजा का मतलब है आखिरी सांस तक जेल की सलाखों के पीछे रहना है। पीठ ने वरिष्ठ वकील केटीएस तुलसी से सवाल किया गया कि आपको यह किसने कह दिया कि उम्रकैद की सजा मतलब 14 वर्ष है।
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केटीएस तुलसी हत्या में दोषी करार दिए गए युवकों की ओर से पैरवी कर रहे थे। न्यायमूर्ति टीएस ठाकुर ने यह भी कहा कि इन दिनों फांसी की सजा को लेकर अभियान चल रहा है। मांग की जा रही है कि लोगों को फांसी पर तख्त पर नहीं लटकाया जाए, इसके बदले उन्हें आखिरी सांस तक जेल में रखा जाए।
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पीठ ने कहा कि यह अलग बात है कि राज्य सरकार को सजा में रियायत देने का अधिकार है अगर दोषी 14 वर्ष सलाखों के पीछे बीता चुका हो। लेकिन कानूनन उम्रकैद की सजा का मतलब है ताउम्र सलाखों के पीछे।

अदालत ने यह टिप्पणी हत्या में उम्रकैद की सजा भुगत रहे धीरज समेत अन्य दोषियों द्वारा दाखिल याचिका पर सुनवाई के दौरान की। इन सभी को छह जनवरी 2010 को छत्तीसगढ़ के रायपुर में हुई कैलाश नामक युवक की हत्या में दोषी करार दिया गया है।

उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी

'14 years in jail is not life term'

निचली अदालत ने इन सभी को उम्रकैद की सजा सुनाई थी। बाद में 10 अक्टूबर 2014 को हाईकोर्ट ने भी इनकी सजा पर मुहर लगा दी। जिसके बाद सभी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।

इनमें से एक दोषी की ओर से पेश वरिष्ठ वकील ने पीठ से अपील पर जल्द सुनवाई और मुवक्किल को जमानत देने की गुहार लगायी। उन्होंने कहा कि आरोपी पांच साल से जेल में बंद हैं। अगर नियमित प्रक्रिया के तहत अपील पर सुनवाई वर्षों बाद होगी। यानी तब तक वे 10 वर्ष जेल में बिता चुके होंगे।

उन्होंने कहा कि अगर उन्हें निर्दोष साबित कर दिया गया तो ऐसी स्थिति में क्या होगा। लेकिन पीठ ने दोषियों को जमानत देने से इनकार करते हुए कहा कि इन लोगों ने बेरहमी से युवक की हत्या की है। हालांकि अदालत ने अपील पर दो साल बाद सुनवाई करने पर हामी भर दी है।  

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