सीमा में घुसे 100 और चीनी सैनिक
लद्दाख जिले के चुमार सेक्टर में चीन के साथ बनी तनावपूर्ण स्थिति और गंभीर हो गई है। चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के भारत पहुंचने से कुछ घंटे पहले बुधवार को करीब 100 और चीनी जवान भारतीय इलाके में घुस गए।
उधर, तनाव कम करने के लिए बुधवार को ही दोनों देशों के बीच हुई ब्रिगेडियर स्तर की फ्लैग मीटिंग में कोई खास प्रगति नहीं हुई।
अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार को कुछ चीनी सैनिक चुमार सेक्टर से लौट गए थे और इसे चीन के पीछे हटने के संकेत के तौर पर देखा गया था। लेकिन करीब 100 और चीनी जवानों के घुस आने से विवाद गहरा गया है।
इसके साथ ही भारतीय क्षेत्र में डेरा जमाए चीनी सैनिकों की संख्या करीब 350 हो गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए भारत ने भी इलाके में अपने कुछ और जवानों को भेजा है।
फ्लैग मीटिंग में नहीं बनी बात
इस सेक्टर में पांच दिन पहले चीनी सेना के करीब 300 जवान भारतीय इलाके में घुसकर 100 भारतीय जवानों को घेर लिया था। इस कारण दोनों देश की सेना आमने-सामने आ गई है।
सूत्रों ने बताया कि चुशुल में आयोजित फ्लैग मीटिंग में डेमचोक इलाके में चीनी नागरिकों की घुसपैठ के मसले पर भी चर्चा हुई।
डेमचोक में भारतीय क्षेत्र में बन रही एक नहर के निर्माण कार्य को रुकवाने के लिए चीन की खानाबदोश जाति के लोग वहां आ गए हैं। इन चीनी नागरिकों को वहां की सेना का समर्थन प्राप्त है।
सूत्रों ने कहा कि दोनों पक्षों के बीच जल्द ही एक और बैठक होगी। सीमा पर तनाव कम करने के लिए बुधवार को पिछले एक सप्ताह में दूसरी बार फ्लैग मीटिंग हुई है।
चुमार वास्तविक नियंत्रण रेखा से लगे उन कुछ इलाकों में से एक है जहां भारतीय सेना के लिए पहुंचना अपेक्षाकृत आसान है। लेकिन पिछले दो-तीन सालों से यहां पर कई बार तनाव की स्थिति बनी है।