त्योहार के मौसम में बैंक दे सकेंगे ज्यादा कर्ज
त्योहारों की शुरुआत में भारतीय रिजर्व बैंक ने बैंकों को बड़ी राहत दी है। रिजर्व बैंक ने बैंकों के लिए नकदी की उपलब्धता बढ़ा दी है। यानी अब त्योहारों के दौरान बैंकों के लिए ज्यादा कर्ज देना आसान हो गया है।
सोमवार को रिजर्व बैंक ने मार्जिनल स्टैंडिंग फेसेलिटी (एमएसएफ) रेट में 0.50 फीसदी की कटौती कर दी है। नई दर अब 9.0 फीसदी होगी।
आरबीआई ने इसके अलावा सात दिन और 14 दिन की अवधि पर अलग से रेपो सुविधा देने की भी घोषणा की है। यह बैंकिंग प्रणाली में कुल मांग और टाइम लाइबिलटी का 0.25 फीसदी होगी।
इसके लिए दर की घोषणा नीलामी के दौरान तय की जाएगी। अतिरिक्त नकदी बढ़ाने की यह प्रक्रिया 1 अक्तूबर से लागू होगी। नकदी बढ़ाने के यह कदम आरबीआई ने डॉलर के मुकाबले रुपये में आई मजबूती को देखते हुए उठाया है।
इसके पहले आरबीआई ने डॉलर के मुकाबले में रिकॉर्ड गिरावट को देखते हुए जुलाई में बैंकों के लिए नकदी की उपलब्धता में सख्ती कर दी है। उस समय आरबीआई ने एमएसएफ रेट 10.25 फीसदी तक आरबीआई ने कर दिया था।
अगस्त में रुपया 68.85 फीसदी के स्तर तक पहुंच गया था। हालांकि अब रुपया मजबूत होकर सात अक्तूबर को डॉलर के मुकाबले 61.79 के स्तर पर पहुंच गया।
सोमवार को दरों में कटौती करने से बैंकों के लिए कम अवधि की दरों में कटौती करना आसान हो सकेगा। ऐसा इसलिए होगा कि बैंकों के लिए अब कम अवधि की पूंजी जुटाना सस्ता हो जाएगा।