फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Auto Archives ›   The robot truck that can drive itself

रोबोट ट्रक की यह कहानी आपको कर देगी हैरान, जानिए क्या है ये

Fri, 22 May 2015 08:41 AM IST
Updated Fri, 22 May 2015 08:41 AM IST
विज्ञापन
The robot truck that can drive itself

अमरीका के नवाडा में, ट्रक निर्माता डायमलर ने कंप्यूटर के ज़रिए अपने आप चलने वाले ख़ास ट्रक का इस्तेमाल शुरू कर दिया है।

विज्ञापन


सड़क की मरम्मत और ख़राब मौसम की स्थिति को छोड़ दें तो बाकी पूरे समय ट्रक ख़ुद-बख़ुद चल सकता है।

इस पूरे समय ड्राइवर आराम फरमा सकता है या फिर टैबलेट पर खले सकता है या काम कर सकता है।

बीबीसी फ़्यूचर के जैक स्टीवर्ट ने इस ख़ास ट्रक की पैसेंजर सीट में बैठकर इसकी सवारी की है।
जैक स्टीवर्ट के अनुभव, उन्हीं की ज़ुबानी

ये काफी कुछ वैसा ही था जैसे हम एक कंप्यूटर में बैठे हों, जो ट्रक के आकार का है।

उत्तर अमरीका डायमलर ट्रक बनाने और इस पर प्रयोग करने वाली टीम को उम्मीद थी कि इसकी सवारी करना मज़ेदार रहेगा, और ऐसा ही हुआ।

इस कंपनी को हाल ही में अमरीका के नवाडा की सड़कों पर स्वत: चलने वाले व्यावसायिक वाहन का लाइसेंस मिला है।

नवाडा स्वत: चलने वाले वाहनों के प्रति आधुनिक नज़रिया रखने वाला राज्या है।

ड्राइवर थकावट से बचेगा

The robot truck that can drive itself

सेल्फ़ ड्राइविंग कारें तो कई बार सुर्खियां बना चुकी हैं, लेकिन स्वत: वाहन के तौर पर सबसे पहले हमें ट्रक ही देखने को मिलेगा।

हम चाहे जो भी खरीदें, उसे बड़े ट्रकों में ढोया जाता है। अगर लंबी दूरी पर जाना हो, तो कई घंटे ट्रक चलाने के बाद डाइवर के थकने का ख़तरा होता है।

अब ये डर नहीं सताएगा। लंबी दूरी के दौरान अधिकतर समय ये ट्रक खुद चल सकता है।

इसकी ड्राइविंग सीट पर चालक होगा, जो उन परिस्थितियों में ही गाड़ी का नियंत्रण अपने हाथों में ले लेगा जब सड़क की मरम्मत हो रही हो या मौसम बहुत ख़राब हो।

कंपनी का दावा है कि ज़्यादातर समय इसके चालक की भूमिका केवल यात्री जैसी होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

जर्मनी में प्रदर्शित

The robot truck that can drive itself

इस ट्रक को सबसे पहले पिछले साल जर्मनी में प्रदर्शित किया गया था, लेकिन बंद सड़क पर।

बीबीसी फ़्यूचर की टीम डायमल ट्रक की टीम से मिली और इसका प्रयोग सार्वजनिक हाईवे पर किया गया।

नवाडा के हाईवे पर 40 टन वज़नी और 16 मीटर लंबा ये ट्रक कंप्यूटर द्वारा चलाया जाता रहा और ये ड्राइव बेहद आसानी से पूरी हुई।

हालांकि जब ट्रक को किसी इनपुट की ज़रूरत पड़ी- जब गाड़ी को बंद करना होता था या सड़क की मरम्मत हो रह होती थी तो चालक नियंत्रण संभाल लेता था।

विज्ञापन

हाइवे पायलट का सिस्टम

The robot truck that can drive itself

डायमलर ट्रक उत्तर अमरीका के चीफ़ इंजीनियर स्टीव नाडिग कहते हैं, "इस सिस्टम को हाईवे पायलट कहा जाता है। ये हाईवे पर चलाया जा रहा है, अभी इसे शहर के अंदर नहीं चला सकते।"

नाडिग के मुताबिक इस ट्रक के चालक को केवल निगरानी के लिए सीट पर बैठना होगा लेकिन उस पर गाड़ी चलाने का दबाव नहीं होगा।

वह इस दौरान दूसरे काम भी कर सकता है।

नाडिग कहत है, "अभी एक चालक ड्राइविंग सीट पर दस घंटे बिताता है। मैं अपने अनुभव के आधार पर कह सकता हूं कि ये थकाने वाला है। उन्हें कुछ आराम मिलेगा, वे ज़्यादा फ़िट रहेंगे और कुछ ध्यान लॉजिस्टक्स के कामों में लगा पाएंगे।"

रंग से पहचान

ट्रक का सिस्टम चालक को बताता है कि वह कब स्वत: ड्राइव हो रहा है और उसे कब चालक के नियंत्रण की जरूरत है। यह काउंटडाउन के साथ बताया जाता है।

इतना ही नहीं, स्वचालित ट्रक सड़क पर चल रहे दूसरे वाहनों को भी संकेत देगा कि उसे चालक चला रहा है या वो स्वचालित है।

जब ये स्वचालित होता है तो इसकी एलईडी लाइट्स का रंग नीला होता है और जब चालक चलाता है तो लाइट्स का रंग अलग होता है।

नावाडा के हाईवे पर अगर कोई ब्लू रंग की रोशनी से चमचमता ट्रक आपकी बगल से गुज़रे तो समझ जाइएगा ये कंप्यूटर से चालित ट्रक है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed