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भ्रष्टाचार की शिकायत पर आगरा विवि के कुलपति का काम छिना, लविवि के वीसी को अतिरिक्त चार्ज

Tue, 06 Jul 2021 10:48 AM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Tue, 06 Jul 2021 10:48 AM IST
सार

भ्रष्टाचार व अनियमितता की शिकायत पर राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा के कुलपति प्रो. अशोक कुमार मित्तल को कार्य से विरत कर दिया है।

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UP: On the complaint of corruption, the work of the Vice Chancellor of Agra University was snatched, additional charge to the Vice Chancellor of Lviv
राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भ्रष्टाचार व अनियमितता की शिकायत पर राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा के कुलपति प्रो. अशोक कुमार मित्तल को कार्य से विरत कर दिया है। उनके खिलाफ मिली गंभीर शिकायतों की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति रंजना पंड्या की अध्यक्षता में तीन सदस्यों की कमेटी का गठन किया गया है। उनके स्थान पर लखनऊ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय को तत्काल प्रभाव से आगरा विवि के कुलपति का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है।

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राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव महेश कुमार गुप्ता ने बताया कि डॉ. भीमराव आंबेडकर विवि के कुलपति के खिलाफ राजभवन को भ्रष्टाचार, प्रशासनिक एवं वित्तीय अनियमितताओं सहित अन्य गंभीर शिकायतें प्राप्त हुईं थीं। इसके साथ ही 31 मई से 02 जुलाई तक कुलाधिपति की अध्यक्षता में हुई डॉ. भीमराव आंबेडकर विवि की समीक्षा में पाया गया कि कुलपति ने राजभवन से संदर्भित बिंदुओं पर कोई भी तैयारी नहीं की थी। वे संबंधित बिंदुओं पर संतोषजनक उत्तर नही दे सके।
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समीक्षा में नियम विरुद्ध नियुक्तियां, ऑडिट आपत्तियों का अनुपालन पूर्ण न करना, उच्च नयायालय व अन्य लंबित प्रकरणों पर विवि स्तर से आवश्यक पैरवी/कार्यवाही न किया जाना, छात्रों को नियमित रूप से उनकी डिग्री न प्रदान करना, कर्मचारियों को अनावश्यक ओवरटाइम भत्ता दिया जाना, नियुक्तियों के संबंध में आवश्यक रोस्टर न तैयार किया जाना आदि को कुलपति के पद के दायित्वों के निर्वहन में गंभीर शिथिलता का द्योतक माना गया है। इसके मद्देनजर कुलपति के खिलाफ शिकायतों की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना पंड्या की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई है।
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जांच समिति में छत्रपति शाहूजी महाराज विवि कानपुर के कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक तथा सिद्धार्थ विवि कपिलवस्तु सिद्धार्थनगर के पूर्व कुलपति प्रो. सुरेंद्र दुबे को बतौर सदस्य शामिल किया गया है।  यह समिति एक माह में कुलाधिपति को अपनी जांच रिपोर्ट सौंपेगी। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि जांच तथा विवि का कार्य प्रभावित न हो इसलिए डॉ. भीमराव आंबेडकर विवि आगरा के कुलपति को कार्य से विरत करके लविवि के कुलपति को वहां के कुलपति पद का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। 

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