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यूएसए की संस्था सिखाएगी स्पाइन सर्जरी की तकनीक
ब्यूरो/अमरउजाला, लखनऊ
Updated Thu, 09 Feb 2017 03:17 PM IST
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डॉ दिलीप और प्रो.आरएन श्रीवास्तव
- फोटो : amar ujala
अमेरिका में भारतवंशी स्पाइन सर्जन्स की संस्था इंटनरेशनल सोसाइटी फॉर द एडवांसमेंट ऑफ स्पाइन सर्जरी (आईएसएएस) केजीएमयू के साथ मिलकर रीढ़ की हड्डी की चोटों के इलाज में मदद करेगी।
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वहां के युवा आर्थोपैडिक सर्जन को रीढ़ की हड्डी की सर्जरी की नई तकनीक से रूबरू कराएगी। साथ ही उन्हें अत्याधुनिक तकनीक का प्रशिक्षण भी देगी। केजीएमयू के आर्थोपैडिक विभाग में मंगलवार को मीडिया से बातचीत में ये जानकारी प्रो. आरएन श्रीवास्तव और यूएसए से आए संस्थान के चेयरमैन डॉ. दिलीप सेनगुप्ता ने दी।
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प्रो. आरएन श्रीवास्तव ने बताया कि रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर, टीबी, ट्यूमर, डिस्क प्रोलेप्स (चिक जाना) जैसी बीमारियों की सर्जरी केजीएमयू की जाती है। इन सर्जरी में कई एडवांसमेंट भी हुए हैं। इन्हीं की जानकारी डॉ. दिलीप सेनगुप्ता आगामी तीन दिनों तक देंगे। इस दौरान कई सर्जरी भी की जाएंगी।
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प्रो. आरएन श्रीवास्तव ने बताया कि मंगलवार को 38 वर्षीय विशाल बाजपेई की रीढ़ की हड्डी की सर्जरी की गई। पेंटिंग करने के दौरान विशाल सीढ़ी से गिर गया था, जिससे उसकी रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हो गया था और वह उठकर बैठने में भी सक्षम नहीं था।
उसके पैरों की ताकत पूरी तरह से खत्म हो गई थी। डॉ. सेनगुप्ता के नेतृत्व में विशाल की सर्जरी की गई। अब वह उठकर बैठ सकता है। उम्मीद है कि उसके पैरों की ताकत भी वापस आ जाएगी।
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कूबड़ से पीड़ित मरीजों की भी होगी सर्जरी
डेमो
इसके अलावा 18 साल के सुनील का ऑपरेशन भी किया गया। सुनील को डिस्क प्रोलेप्स (चिक जाना) की समस्या थी। प्रो.आरएन श्रीवास्तव ने बताया आमतौर पर चिक जाने पर सर्जरी की जरूरत नहीं पड़ती है, लेकिन सुनील को दिक्कत बहुत ज्यादा थी और उसकी उम्र भी कम थी।
केजीएमयू के आर्थोपैडिक विभाग का स्थापना दिवस 9 फरवरी को मनाया जाएगा। इस मौके को ही स्पाइन वीक के रूप में मनाया जा रहा है और लाइव सर्जरी भी जा रही हैं। मंगलवार को दो सर्जरी की गई। बुधवार को चार सर्जरी की जाएंगी।
इसके अलावा कूबड़ से पीड़ित मरीजों की सर्जरी भी इस दौरान की जाएगी। अभी तक केजीएमयू में इस तरह की सर्जरी नहीं की जा रही थी। बुधवार को एम्स दिल्ली के आर्थोपैडिक सर्जन भी सर्जरी में शामिल होंगे।
केजीएमयू के आर्थोपैडिक विभाग का स्थापना दिवस 9 फरवरी को मनाया जाएगा। इस मौके को ही स्पाइन वीक के रूप में मनाया जा रहा है और लाइव सर्जरी भी जा रही हैं। मंगलवार को दो सर्जरी की गई। बुधवार को चार सर्जरी की जाएंगी।
इसके अलावा कूबड़ से पीड़ित मरीजों की सर्जरी भी इस दौरान की जाएगी। अभी तक केजीएमयू में इस तरह की सर्जरी नहीं की जा रही थी। बुधवार को एम्स दिल्ली के आर्थोपैडिक सर्जन भी सर्जरी में शामिल होंगे।