डिग्री कॉलेजों में एडमिशन प्रक्रिया का अप्रैल से होगा आगाज
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लखनऊ विश्वविद्यालय के बाद राजधानी के डिग्री कॉलेजों की एडमिशन प्रक्रिया अप्रैल के पहले सप्ताह से शुरू हो जाएगी। एलयू की एडमिशन प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है। सोमवार से बीबीए, एमबीए फाइव इयर और बीकॉम ऑनर्स तथा तीन अप्रैल से स्नातक पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू होगी।
इसके बाद प्रथम सप्ताह में श्री जय नारायण पीजी कॉलेज और दूसरे सप्ताह में नेशनल और आईटी गर्ल्स कॉलेज की आवेदन प्रक्रिया शुरू होगी। इसके बाद अन्य डिग्री कॉलेजों में भी दाखिले की दौड़ शुरू हो जाएगी।
हर साल सबसे पहले एडमिशन प्रक्रिया शुरू करने वाले नेशनल पीजी कॉलेज की एडमिशन प्रक्रिया इस बार अप्रैल केे दूसरे सप्ताह से शुरू होगी। कॉलेज की प्राचार्य डॉ. नीरजा सिंह ने बताया कि एडमिशन प्रक्रिया पिछले साल की तरह ऑनलाइन ही होगी।
आवेदन फॉर्म 15 अप्रैल से जारी करने का प्रस्ताव है। सभी पाठ्यक्रम में दाखिला प्रवेश परीक्षा के आधार पर किए जाएंगे। श्री जेएनपीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एसडी शर्मा ने बताया कि अगले दो दिनों के अंदर बैठक करके आवेदन फॉर्म जारी करने की अंतिम तारीख घोषित कर दी जाएगी। आवेदन प्रक्रिया अप्रैल के पहले सप्ताह से शुरू हो जाएगी।
जेएनपीजी ने नए पाठ्यक्रम के लिए कर रखा है आवेदन
पिछले साल की तरह इस साल भी आवेदन शुल्क 600 रुपये रखा जाएगा। कॉलेज में बीए की 800, बीकॉम की 880, बीएससी की 840, एलएलबी की 320, एमए हिंदी की 60, एमकॉम अप्लाइड इकोनॉमिक्स की 60, एमकॉम प्योर की 60, बीबीए की 50 और बीपीएड की 50 सीटें हैं।
सभी पाठ्यक्रमों में आवेदन ऑनलाइन होंगे, जबकि दाखिले मेरिट के आधार पर दिए जाएंगे। इसी तरह आईटी गर्ल्स कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. विनीता प्रकाश ने बताया कि दाखिले के आवेदन फॉर्म अप्रैल के दूसरे सप्ताह में जारी किए जाएंगे। इसका पूरा ब्यौरा पहले सप्ताह में तय हो जाएगा। दाखिले प्रवेश परीक्षा के आधार पर दिए जाएंगे।
जेएनपीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एसडी शर्मा ने बताया कि उन्होंने इस साल से अपने यहां आठ नए पाठ्यक्रम शुरू करने के लिए आवेदन कर रखा है। इनमें एमएससी बायो, एमएससी केमिस्ट्री, एमएससी फिजिक्स, बीकॉम ऑनर्स, एमए सोश्योलॉजी, एमए इंग्लिश, एमए इकोनॉमिक्स के लिए आवेदन कर रखा है। जबकि बीएससी कंप्यूटर साइंस विषय को पहले ही मान्यता मिल चुकी है।