एकेटीयू: फार्मेसी के 50 नए संस्थान खुलेंगे, बढ़ेंगी 3000 सीटें

अक्षय कुमार, अमर उजाला, लखनऊ Updated Tue, 15 Sep 2020 02:54 PM IST
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डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम टेक्निकल यूनिवर्सिटी (एकेटीयू) को नए सत्र 2020-21 में कॉलेजों की संबद्धता को लेकर शासन की हरी झंडी मिल गई है। इसमें फार्मेसी के 50 नए संस्थान खोलने को अनुमति दी गई। इससे फार्मेसी में लगभग 3,000 सीटें बढ़ जाएंगी। इसके अलावा एमबीए के दो और इंजीनियरिंग के एक संस्थान को भी हरी झंडी मिली है।  
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उधर, इंजीनियरिंग 22 संस्थान बंद हो रहे हैं। इसकी वजह इंजीनियरिंग में छात्रों का रुझान कम होना है। एआईसीटीई ने भी नई संबद्धता पर रोक लगा दी है। इसके बाद फार्मेसी संस्थानों की बहार आ गई। पिछले साल फार्मेसी के 180 नए संस्थान खुले थे। इससे संस्थानों की कुल संख्या 335 और सीटें भी बढ़कर लगभग 23,000 हो गई थीं। नए सत्र में अब फार्मेसी संस्थानों की संख्या बढ़कर 385 हो जाएगी।  
गौरतलब है कि नए सत्र की संबद्धता के लिए 55 फार्मेसी, 76 इंजीनियरिंग व 4 मैनेजमेंट संस्थानों के आवेदन मिले थे। फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया (पीसीआई) ने 55 आवेदनों में से 4 को ऑनलाइन निरीक्षण के बाद खारिज कर दिया। जबकि एक संस्थान इस प्रक्रिया में शामिल ही नहीं हुआ।
इस तरह 50 फार्मेसी संस्थानों को संबद्धता दी गई। मगर इनमें से कुछ संस्थानों को विशेष शर्तों पर संबद्धता दी गई है। उन्हें पीसीआई के सुझाव के अनुसार संबंधित व्यवस्था को ठीक करना होगा। उधर, एमबीए संस्थान के चार में से दो आवेदकों को हरी झंडी मिली है। वहीं, इंजीनियरिंग संस्थान खोलने के 76 आवेदन में से सिर्फ एक को मान्यता दी गई है। वह भी वाराणसी में हैंडलूम टेक्नोलॉजी से जुड़ा सरकारी संस्थान है। इस तरह इंजीनियरिंग संस्थानों के 75 आवेदन खारिज हो गए।
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कॉलेज और सीटों पर ज्यादा असर नहीं 

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