Live
LIVE: मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर संग्राम, भाजपा देशभर में कर रही विरोध प्रदर्शन, बिना शर्त माफी की मांग
LIVE: पटना में आयोजित एक जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर एक विवादित टिप्पणी कर दी। जिसके बाद से ही भाजपा नेता कांग्रेस अध्यक्ष के खिलाफ हमलावर है और उनसे बिन शर्त माफी की मांग कर रही है। वहीं, भाजपा ने आज पूरे देश में विरोध प्रदर्शन का एलान किया। विरोध प्रदर्शन से जुड़े ताजा अपडेट के लिए पढ़े ये लाइव...
लाइव अपडेट
'आलोचना की आड़ में सीमाएं लांघना उचित नहीं'
वहीं, इस पूरे मुद्दे पर पूर्व भारतीय क्रिकेटर और राज्यसभा सांसद प्रधानमंत्री और उनके दिवंगत पिता का अपमान करना कोई राजनीतिक साहस नहीं, बल्कि सार्वजनिक मर्यादा और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति शर्मनाक अनादर है। ऐसी व्यक्तिगत टिप्पणियां राजनीतिक विमर्श के गिरते स्तर को उजागर करती हैं और उन करोड़ों नागरिकों के जनादेश के प्रति अनादर दर्शाती हैं, जिन्होंने लोकतांत्रिक प्रक्रिया के माध्यम से अपना नेता चुना है। लोकतंत्र में असहमति का स्वागत है, लेकिन असहमति तथ्यों, नीतियों और रचनात्मक बहस के आधार पर होनी चाहिए, न कि व्यक्तिगत अपमान और ओछी टिप्पणियों के माध्यम से। प्रधानमंत्री सहित हर जनप्रतिनिधि की आलोचना हो सकती है, लेकिन आलोचना की आड़ में मर्यादा और सम्मान की सीमाएं लांघना किसी भी तरह उचित नहीं है।'यह कांग्रेस पार्टी का वैचारिक दिवालियापन'
मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर बिहार भाजपा अध्यक्ष संजय सरावगी ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत माता-पिता को लेकर बार-बार अभद्र, घटिया और अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल करना कांग्रेस पार्टी के वैचारिक दिवालियापन और हताशा को उजागर करता है। उन्होंने कहा कि जनता इस तरह की अशिष्ट और आपत्तिजनक बयानबाजी को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेगी। संजय सरावगी ने बताया कि बीजेपी ने आज देशभर में सभी राज्यों के पार्टी मुख्यालयों पर विरोध प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है। इसी क्रम में बिहार बीजेपी भी खरगे की टिप्पणी के विरोध में प्रदर्शन करेगी।खरगे की कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के खिलाफ भाजपा का प्रदर्शन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के परिवार को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के विरोध में भाजपा पटना महानगर इकाई ने विरोध मार्च निकाला। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं ने खरगे की टिप्पणी के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए नाराजगी जताई। प्रदर्शन का उद्देश्य कांग्रेस अध्यक्ष की कथित टिप्पणी का विरोध करना और प्रधानमंत्री मोदी के परिवार के प्रति सम्मान की मांग करना था।
'सार्वजनिक जीवन में भाषा की मर्यादा बनाए रखना जरूरी'
इस मुद्दे पर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने कहा कि बिहार सभ्यता की जननी है, ऐसे में बिहार की धरती से कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा देश के लोकप्रिय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति की गई अभद्र टिप्पणी दुर्भाग्यपूर्ण है। लोकतंत्र में वैचारिक मतभेद स्वाभाविक हैं, लेकिन सार्वजनिक जीवन में भाषा की मर्यादा और पद की गरिमा का सम्मान बनाए रखना जरूरी है। राजनीतिक विरोध तथ्यों और तर्कों पर आधारित होना चाहिए, न कि व्यक्तिगत टिप्पणियों पर।'खरगे की टिप्पणी उनकी हताशा का नतीजा'
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर की गई टिप्पणी को लेकर दिल्ली के मंत्री कपिल मिश्रा ने निशाना साधते हुए कहा कि यह खरगे की हताशा का नतीजा है। उन्होंने कहा कि जिस व्यक्ति का बॉस राहुल गांधी हो, उसका हताश होना स्वाभाविक है। राजनीति का ध्यान वास्तविक मुद्दों पर होना चाहिए और ‘राष्ट्र प्रथम’ हर राजनेता की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। कपिल मिश्रा ने आरोप लगाया कि दुर्भाग्यवश देश में विपक्ष राष्ट्रविरोधी और धर्मविरोधी राजनीति कर रहा है। उन्होंने कहा कि जब जनता विपक्ष को नकार देती है, तो उसके नेता इस तरह की अभद्र भाषा का सहारा लेने लगते हैं।
'खरगे और राहुल गांधी की टिप्पणियां भारतीय संस्कृति के खिलाफ'
मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधते हुए कहा कि खरगे और राहुल गांधी सहित कांग्रेस पार्टी के नेताओं ने समय-समय पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पूज्य माता-पिता के बारे में जिस तरह की टिप्पणियां की हैं, वे भारत की संस्कृति, मूल्यों और ‘भारत माता’ की भावना के विपरीत हैं। देश की जनता इस तरह की टिप्पणियों को कभी स्वीकार नहीं करेगी और कांग्रेस नेताओं को इसके लिए माफी मांगनी चाहिए।
'खरगे की टिप्पणी कांग्रेस की संस्कृति को दर्शाता है'
मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए महाराष्ट्र के मंत्री डॉ. पंकज राजेश भोयर ने इसकी कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि खरगे जैसे कद के नेता द्वारा इस तरह की टिप्पणी किया जाना कांग्रेस के भीतर पनप रही संस्कृति को दर्शाता है। उन्होंने इसे अत्यंत निंदनीय बताते हुए कहा कि जो व्यक्ति अब इस दुनिया में नहीं है, उसके बारे में इस तरह की टिप्पणी करने की हम सभी कड़ी निंदा करते हैं।'कांग्रेस अध्यक्ष का प्रधानमंत्री का अपमान करना उचित नहीं'
नागपुर में मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने कहा कि खरगे एक बड़ी राजनीतिक पार्टी के अध्यक्ष हैं, जो करीब 60 वर्षों तक सत्ता में रही है। ऐसे में इतने बड़े राजनीतिक दल के अध्यक्ष का प्रधानमंत्री का अपमान करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि खरगे को इस तरह की टिप्पणियां करने की आदत हो गई है, जो बिल्कुल सही नहीं है। आठवले ने खरगे के बयान को पूरी तरह अस्वीकार्य बताते हुए कहा कि इस तरह की टिप्पणी प्रधानमंत्री का गंभीर अपमान है और किसी भी जिम्मेदार राजनीतिक नेता को इस तरह की भाषा का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।'खरगे के बयान पर मनोज तिवारी का पलटवार'
'मानसिक संतुलन खो बैठे हैं खरगे'
अंबेडकर नगर में मल्लिकार्जुन खड़गे की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री और एनडीए में शामिल सुभासपा के नेता ओपी राजभर ने कहा कि खरगे अपना मानसिक संतुलन खो बैठे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता ने कांग्रेस को नकार दिया है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ खड़ी है, जिसके कारण कांग्रेस के कार्यक्रमों में कुर्सियां खाली रह जाती हैं। राजभर के मुताबिक, खाली कुर्सियों को देखकर खरगे परेशान और चिड़चिड़े हो रहे हैं तथा सोच रहे हैं कि कार्यक्रम में आने वाले लोग कहां चले गए। उन्होंने खरगे के विवादित बयानों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि खरगे को देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए और स्वीकार करना चाहिए कि उनसे गलत बयान दिया गया है।#WATCH | Ambedkar Nagar: On Mallikarjun Kharge’s remarks, UP Minister OP Rajbhar says, "He has lost his mental balance. Since the public has rejected the Congress—standing instead with PM Modi, the chairs at their events are now left empty. This has left Kharge ji fixated on the empty seats, wondering, 'Where have all the people who were supposed to sit here gone?' Consequently, he is becoming irritable... We condemn the controversial statements he has made. Kharge ji should apologize to the nation and admit that what he said was wrong; he ought to offer an apology."
— ANI (@ANI) October 26, 2026