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National Education Day 2025: आज मनाया जा रहा है राष्ट्रीय शिक्षा दिवस, जानिए इतिहास और महत्व

Tue, 11 Nov 2025 09:49 AM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवानी अवस्थी Updated Tue, 11 Nov 2025 09:49 AM IST
सार

National Education Day 2025: जानिए 11 नवंबर को मनाए जाने वाले राष्ट्रीय शिक्षा दिवस का इतिहास, महत्व और मौलाना अबुल कलाम आज़ाद का योगदान।

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National Education Day 2025 Date Theme Significance History Of Maulana Abul Kalam Azad Jayanti
राष्ट्रीय शिक्षा दिवस - फोटो : Amar ujala

विस्तार

National Education Day 2025: हर साल 11 नवंबर को पूरे भारत में राष्ट्रीय शिक्षा दिवस (National Education Day) के रूप में मनाया जाता है। यह दिन एक प्रतिज्ञा है कि देश की शिक्षा व्यवस्था को कभी व्यर्थ न जाने देंगे। शिक्षक दिवस भारत के पहले शिक्षा मंत्री मौलाना अबुल कलाम आज़ाद की जयंती के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। आज़ाद ने स्वतंत्रता संग्राम में अहम भूमिका निभाई और आज़ाद भारत में शिक्षा की बुनियाद रखी। वे स्वतंत्र भारत के पहले शिक्षा मंत्री थे जिनका कार्यकाल 15 अगस्त 1947 से 2 फरवरी 1958 तक रहा।

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शिक्षा दिवस का इतिहास

इस दिन की शुरुआत हुई थी वर्ष 2008 में, जब मानव संसाधन विकास मंत्रालय (अब शिक्षा मंत्रालय) ने पहली बार 11 नवंबर को राष्ट्रीय शिक्षा दिवस के रूप में घोषित किया।  मौलाना आज़ाद का जन्म 11 नवंबर 1888 को हुआ था, और उनकी जयंती पर इस उत्सव को समर्पित कर शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने का निर्णय लिया गया। उनके मंत्री पद पर रहते हुए शिक्षा-संस्था की नींव रखी गई, जैसे कि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT)-प्रारम्भ, विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC)-सुझाव आदि। 
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मौलाना अबुल कलाम आजाद न केवल राष्ट्र-निर्माण के विचारक थे, बल्कि एक प्रखर शिक्षाविद्, राजनीतिज्ञ और स्वतंत्रता सेनानी भी थे। उनकी दृष्टि में शिक्षा-व्यवस्था में सर्व-सुलभता, समावेशिता और गुणवत्ता अनिवार्य थी। उन्होंने शिक्षा के माध्यम से सामाजिक भेदभाव को कम करना चाहा और उनका मानना था कि एक शिक्षित नागरिक देश के लिए सबसे बड़ी संपत्ति है। 
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शिक्षा दिवस का महत्व

राष्ट्रीय शिक्षा दिवस का मूल उद्देश्य है, शिक्षा को समाज परिवर्तन का माध्यम बनाना। मौलाना आज़ाद का विचार था कि “शिक्षा” सिर्फ पढ़ने-लिखने तक सीमित नहीं है; वह व्यक्ति, समाज और राष्ट्र को आकार देती है।  इस दिन स्कूल-कॉलेज-शैक्षणिक संस्थानों में विशेष कार्यक्रम होते हैं जैसे निबंध प्रतियोगिता, भाषण, वर्कशॉप, पोस्टर मेकिंग आदि। 


राष्ट्रीय शिक्षा दिवस 2025 की थीम

इस वर्ष राष्ट्रीय शिक्षा दिवस 2025 की अधिकारिक रूप से घोषित थीम AI and education: Preserving human agency in a world of automation है। यानी "एआई और शिक्षा: स्वचालन की दुनिया में मानव एजेंसी का संरक्षण", जो व्यक्तियों और समुदायों को तकनीकी प्रगति को समझने, समझने और प्रभावित करने के लिए शिक्षा की शक्ति पर चिंतन को प्रोत्साहित करता है।

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