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अलगाववादी नेता यासीन मलिक गिरफ्तार, श्रीनगर सेंट्रल जेल में किया गया शिफ्ट
amarujala.com, Presented by: अरविंद
Updated Thu, 07 Sep 2017 05:54 PM IST
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Yasin Malik
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जम्मू कश्मीर लिब्रेशन फ्रंट के प्रमुख और अलगाववादी नेता यासीन मलिक को श्रीनगर में उसके ऑफिस से हिरासत में लिया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस की एक टीम मलिक के अबि गुजार ऑफिस पहुंची और वहां से उसे अपनी गिरफ्त में ले लिया।
पढ़ें: छत्तीसगढ़: NIA कोर्ट से 9 दोषियों को सुनाई 10 साल की सजा, नक्सलियों को हथियार सप्लाई का केस
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार गिरफ्तारी के बाद मलिक को श्रीनगर सेंट्रल जेल में शिफ्ट किया गया है। बता दें कि मलिक ने दिल्ली में एनआईए के हेडक्वार्टर पर मार्च करने का ऐलान किया था, लेकिन मार्च करने से पहले ही उसके कार्यालय से उसे धर लिया गया।
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टेरर फंडिंग मामले में NIA की ताबड़तोड़ छापेमारी के विरोध में तीन प्रमुख अलगाववादी नेताओं ने 9 सितंबर को दिल्ली पहुंचकर खुद को एनआईए के हवाले करने का ऐलान किया था। बुधवार को श्रीनगर की जामिया मस्जिद में अलगाववादी नेताओं ने एक बैठक की थी जिसमें हुर्रियत के उदारवादी धड़े के प्रमुख मीरवाईज उमर फारुक और जम्मू कश्मीर लिब्रेशन फ्रंट के चेयरमैन मोहम्मद यासीन मलिक शामिल थे।
पढ़ें: टेरर फंडिंग केस: NIA ने फिर शुरू की ताबड़तोड़ छापेमारी, हुर्रियत नेताओं पर शिकंजा
बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए इन नेताओं ने एनआईए पर उन्हें और उनके परिवार को परेशान करने के आरोप लगाए थे। अस्वस्थ होने के कारण हुर्रियत नेता सैय्यद शाह गिलानी इस बैठक में शामिल नहीं हो सके। लेकिन, फोन के जरिए उन्होंने बैठक में मौजूद सभी नेताओं को संबोधित कर उन्हें एनआईए के समक्ष समर्पण करने को कहा।
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मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार गिरफ्तारी के बाद मलिक को श्रीनगर सेंट्रल जेल में शिफ्ट किया गया है। बता दें कि मलिक ने दिल्ली में एनआईए के हेडक्वार्टर पर मार्च करने का ऐलान किया था, लेकिन मार्च करने से पहले ही उसके कार्यालय से उसे धर लिया गया।
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टेरर फंडिंग मामले में NIA की ताबड़तोड़ छापेमारी के विरोध में तीन प्रमुख अलगाववादी नेताओं ने 9 सितंबर को दिल्ली पहुंचकर खुद को एनआईए के हवाले करने का ऐलान किया था। बुधवार को श्रीनगर की जामिया मस्जिद में अलगाववादी नेताओं ने एक बैठक की थी जिसमें हुर्रियत के उदारवादी धड़े के प्रमुख मीरवाईज उमर फारुक और जम्मू कश्मीर लिब्रेशन फ्रंट के चेयरमैन मोहम्मद यासीन मलिक शामिल थे।
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बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए इन नेताओं ने एनआईए पर उन्हें और उनके परिवार को परेशान करने के आरोप लगाए थे। अस्वस्थ होने के कारण हुर्रियत नेता सैय्यद शाह गिलानी इस बैठक में शामिल नहीं हो सके। लेकिन, फोन के जरिए उन्होंने बैठक में मौजूद सभी नेताओं को संबोधित कर उन्हें एनआईए के समक्ष समर्पण करने को कहा।