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बलिया बंद रहा असरदार, बेटी के सम्मान की लड़ाई सड़कों पर आई
ब्यूरो/अमर उजाला, बलिया
Updated Thu, 28 Jul 2016 04:20 AM IST
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भाजपा से निष्कासित नेता दयाशंकर सिंह की पत्नी और बेटी के खिलाफ अभद्र टिप्पणी करने वाले बसपा नेताओं की गिरफ्तारी के लिए बुधवार को बलिया बंद के आह्वान का व्यापक असर देखने को मिला। बंद का आह्वान छात्र नेताओं ने किया था, जिसे भारतीय जनता युवा मोर्चा एवं व्यापार मंडल का समर्थन प्राप्त था। ज्यादातर दूकानदारों ने अपनी मर्जी से प्रतिष्ठान बंद रखे और जिन्होंने दुकानें खोलने की कोशिश की उन्हें छात्रों ने बंद करा दिया। इसमें कई जगह नोकझोंक भी हुई।
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भाजयुमो नेता अरुण कुमार सिंह बंटू एवं व्यापारी नेता संजीव कुमार डंपू के नेतृत्व में छात्रों ने सुबह जुलूस निकाला और बलिया की बेटी के सम्मान में दुकानें बंद रखने की अपील की। जुलूस में शामिल लोग बसपा सुप्रीमो मायावती और नसीमुद्दीन सिद्दीकी के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे। ज्यादातर जगहों पर कारोबारियों ने स्वेच्छा से दुकानें बंद कर दी थीं। जहां आनाकानी की गई, वहां छात्रों ने जबरदस्ती भी की।
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आसपास के कसबों में भी दुकानें बंद रहीं। नगर के अधिकांश स्कूल बंद रहे। अंग्रेजी माध्यम के जो स्कूल खुले भी थे वहां बच्चे बहुत कम आए थे। चौक में हुई सभा में नेताओं ने सपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार भेदभाव कर रही है। दयाशंकर सिंह को गिरफ्तार करने के लिए जगह-जगह छापेमारी हो रही है जबकि उनकी बेटी और पत्नी के खिलाफ टिप्पणी करने वाले बसपा नेता खुलेआम घूम रहे हैं।
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