फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Taj Mahal ticket is expensive, now Indians will have to pay 200 rupees

महंगा हुआ ताज का दीदार, विदेशियों को चुकाने होंगे 1250 तो भारतीयों को भी देनी होगी ये कीमत

Tue, 13 Feb 2018 10:13 PM IST
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली Updated Tue, 13 Feb 2018 10:13 PM IST
विज्ञापन
Taj Mahal ticket is expensive, now Indians will have to pay 200 rupees
ताजमहल - फोटो : SELF
आगरा में ताजमहल का दीदार करने वाले पर्यटकों को 1 अप्रैल से 200 रुपये चुकाने होंगे। इसके साथ ही लोगों के ताज दर्शन का समय भी निर्धारित कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में उत्तर प्रदेश सरकार को निर्देश दिया था कि इस स्मारक के संरक्षण के लिए वह चार हफ्तों में अपना दृष्टिपत्र सौंपे।
विज्ञापन


संस्कृति मंत्री महेश शर्मा ने मंगलवार को पत्रकारों को बताया कि 200 रुपये के संयुक्त टिकट में पर्यटक मुख्य मकबरा का दीदार कर सकेंगे, जबकि प्रवेश टिकट को भी 40 से बढ़ा कर 50 रुपये कर दिया गया है। अभी मुख्य मकबरे को देखने के लिए अलग से कोई शुल्क नहीं लगता था। मंत्री ने कहा कि टिकट महंगे होने से ताज के संरक्षण में मदद मिलेगी वहीं भीड़ का बेहतर प्रबंधन भी हो सकेगा। उन्होंने कहा कि भावी पीढ़ियों के लिए हमें ताजमहल को बचा कर रखना होगा।
विज्ञापन

यूनेस्को ने 1983 में विश्व धरोहर की सूची में शामिल किया था

Taj Mahal ticket is expensive, now Indians will have to pay 200 rupees
ताजमहल अब हो रहा है ब्राउन। - फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, आगरा
संस्कृति मंत्री ने कहा कि नए बारकोड वाली टिकट की कीमत अब 50 रुपये होगी और यह केवल तीन घंटे के लिए ही मान्य होगी। राष्ट्रीय पर्यावरण इंजीनियरिंग शोध संस्थान ने हाल में किए अपने अध्ययन के बाद ताज परिसर में लोगों की भीड़ को नियंत्रित करने का सुझाव दिया था। महेश शर्मा ने कहा कि रोजाना पर्यटकों की सीमा निर्धारित करने का विकल्प संभव नहीं था, लेकिन इसके लिए कुछ तो करना था। उन्होंने कहा कि टिकटों की कीमत बढ़ाने का मकसद राजस्व एकत्र करना नहीं है, बल्कि जो गंभीर पर्यटक हैं वही उस परिसर में जाएं। 

शर्मा ने यह भी कहा कि मंत्रालय 1250 रुपये अदा करने वाले विदेशी पर्यटकों की सुविधा का ध्यान रखने के लिए विशेष कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने संबंधित अधिकारियों से पहले ही ताज परिसर में ‘लपका संस्कृति’ बंद करने का निर्देश दे दिया है।

दुनिया के सात अजूबों में से एक ताजमहल मुगल शासक शाहजहां द्वारा अपनी बेगम मुमताज महल की याद में 1632 में बनवाया गया था। यूनेस्को ने वर्ष 1983 में ताजमहल को विश्व धरोहर की सूची में शामिल किया था। भारत में नक्काशी और वास्तुकला के इस नायाब इमारत को दुनियाभर में सराहा जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed