एयर इंडिया ने यौन उत्पीड़न मामले में दोषी ठहराए गए पायलट को फिर से किया नियुक्त
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पिछले साल मई में एयर इंडिया के एक वरिष्ठ पायलट को महिला सहकर्मी के यौन उत्पीड़न के आरोपों के चलते निलंबित किया गया था। अब पायलट को सेवा में बहाल कर दिया गया है। लेकिन पायलट पर भारी जुर्माना लगाया गया है और आंतरिक समिति की जांच में दोषी पाया गया है।
कैप्टन सचिन गुप्ता पर 'भारी जुर्माना'
इस संदर्भ में एक वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि समिति ने कैप्टन सचिन गुप्ता पर भारी जुर्माना लगाया है। इसके बाद गुप्ता ने सजा के खिलाफ उच्च प्राधिकरण से अपील की है। वहीं एयर इंडिया के क्षेत्रीय निदेशक (उत्तरी क्षेत्र), पीएस नेगी ने इस मामले पर कहा कि, 'एयरलाइन की आंतरिक शिकायत समिति (आईसीसी) ने जांच की और कैप्टन सचिन गुप्ता को दुराचार के आरोपों में दोषी पाया है।'
सजा के खिलाफ कैप्टन ने दायर की अपील
साथ ही उन्होंने बताया कि, कैप्टन सचिन गुप्ता ने सजा के खिलाफ अगले उच्च प्राधिकरण/सीएमडी (अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक) के समक्ष अपील दायर की है। एयर इंडिया में 2019 के शुरुआती छह महीनों के दौरान यौन उत्पीड़न की आठ शिकायतें दर्ज की गईं, जबकि 2018 में कुल 10 शिकायतें दर्ज की गई थीं।
कंपनी के चेयरमैन ने दिया था बयान
कंपनी के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक अश्वनी लोहानी ने 16 मई को कहा था कि एयरलाइन को उन कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए जिनपर महिला कर्मचारियों के यौन उत्पीड़न के आरोप लगते हैं।
संदेश में उन्होंने लिखा था कि, 'यह शर्मनाक बात है कि एयर इंडिया में अक्सर यौन उत्पीड़न के मामले सामने आ रहे हैं। हमें ऐसे अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई करने की जरूरत है। इस संदेश को सभी तक पहुंचाएं खासतौर से संचालन संबंधित विभागों में।'