एससी, एसटी, ओबीसी के अधिकारों पर हमला है सामान्य वर्ग को आरक्षण: लालू
राजद के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने गुरूवार को सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों के लिए हाल में लागू दस प्रतिशत आरक्षण की कड़ी निंदा की। लालू यादव ने इस नए आरक्षण को ‘‘एससी, एसटी, ओबीसी के संवैधानिक अधिकारों पर बहुत घातक हमला’’ करार दिया।
लालू ने यह कड़ी टिप्पणी ऐसे दिन की जब उनके छोटे बेटे और राजनीतिक उत्तराधिकारी तेजस्वी यादव उत्तरी बिहार के दरभंगा से ‘बेरोजगारी हटाओ, आरक्षण बढाओ यात्रा’ शुरू कर रहे हैं। रैली अगले कुछ दिन में सुपौल और भागलपुर जिले में जाएगी।
राजद प्रमुख ने टि्वटर पर लिखा, 10 प्रतिशत आरक्षण एससी (अनुसूचित जाति), एसटी (अनुसूचित जनजाति) और ओबीसी (अन्य पिछड़ा वर्ग) के संवैधानिक अधिकारों पर बहुत घातक हमला है।
उन्होंने कहा, ‘‘यह जाति आधारित आरक्षण को खत्म करने की दिशा में पहला कदम है। 50 प्रतिशत आरक्षण की सीमा तोड़ी गई है तो सरकार एससी, एसटी और ओबीसी को उनकी जनसंख्या के अनुपात में आरक्षण क्यों नहीं बढ़ा रही है।’’
10% quota is the robbery & most hazardous onslaught on the constitutional rights of SC/STs, OBCs.
— Lalu Prasad Yadav (@laluprasadrjd) 7 February 2019
This is the first step towards ending caste-based reservations. Since barrier of 50% is broken then Why govt is not increasing quota in proportion to the population of SC/ST/OBCs.
चारा घोटाले से जुड़े एक मामले में एक साल से अधिक समय से जेल में बंद राजद प्रमुख ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से टिप्पणियां कीं। इसे उनके करीबी संचालित करते हैं। लालू ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर ‘आरक्षण खत्म करने की भाजपा की साजिश’ में संलिप्त होने का आरोप लगाया।