PM Modi : महाकाल और बदरी-केदार यात्रा के बाद अयोध्या में धार्मिक पुनर्जागरण के एजेंडे को विस्तार देंगे मोदी
छठे दीपोत्सव में शिरकत करने के लिए आ रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन को लेकर अयोध्या में हाई अलर्ट है। जिले की सीमाओं को पूरी तरह सील कर दिया गया है। अयोध्या शहर में सभी वाहनों का प्रवेश रोक दिया गया है।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को एक बार फिर अयोध्या पहुंच रहे हैं। बेरोजगारी और महंगाई की मुंह बाए चुनौतियों से अपने तरीके से पार पाने की कोशिश में जुटे मोदी 2024 के आमचुनाव से पहले सांस्कृतिक व आध्यात्मिक पुनर्जागरण के एजेंडे को पूरी ताकत से धार देने में लगे हुए हैं।
उन्होंने महाकाल नगरी उज्जैन, बाबा केदारनाथ और स्वामी बदरीनारायण की यात्रा का अगला पड़ाव अयोध्या बनाया है। वह वहां योगी सरकार के भव्यतम दीपोत्सव समारोह के मुख्य मेहमान तो होंगे ही श्रीराम मंदिर के निर्माण कार्यों का दीदार भी करेंगे। यह वही श्रीराम मंदिर है, जो भाजपा के लिए कई सरकारें गंवाने और कई बार सत्ता तक पहुंचने का माध्यम साबित हुआ है।
योगी सरकार ने 2017 में अयोध्या में दीपोत्सव का आगाज किया था। तब से हर साल दीपोत्सव की भव्यता बढ़ रही है। हर दीपोत्सव में मोदी के अयोध्या आने की चर्चा शुरू होती थी, लेकिन पीछे छूट जाती थी। इस बार मोदी हिंदू प्रतीकों व धर्मस्थलों के गौरव लौटाने के जिस एजेंडे का देश में घूम-घूम कर प्रचार कर रहे हैं, अयोध्या उसका केंद्र बिंदु होगा।
उत्तराखंड के माड़ा में संबोधित करते हुए मोदी इसका संकेत कर चुके हैं। मोदी अयोध्या में राम मंदिर परिसर में दीप तो जलाएंगे ही भगवान राम का प्रतीकात्मक राज्यारोहण भी करेंगे। वह मंदिर के निर्माण के कार्यों की जानकारी भी लेंगे, जिसका अगस्त, 2020 में उन्होंने भूमिपूजन किया था।
वह अयोध्या के विकास को लेकर कई सौगातों का एलान कर सकते हैं। राम के वनगमन से अयोध्या की वापसी को जिस उल्लास और हर्ष के साथ मनाने की कल्पना की जाती है, योगी सरकार ने अयोध्या को वैसे ही सजाने-संवारने का काम किया है। अयोध्या में बड़े पैमाने पर विकास से जुड़े प्रोजेक्ट संचालित हो रहे हैं।
तेजी से बढ़ी पीएम की धार्मिक स्थलों की यात्राएं
- 30 सितंबर प्रधानमंत्री गुजरात में 51 शक्तिपीठों में से एक अंबाजी मंदिर गए और वहां दर्शन-पूजन किया।
- 05 अक्तूबर को हिमाचल प्रदेश के कुल्लू की रामलीला में शामिल हुए।
- 09 अक्तूबर को गुजरात के मोढेरा में सूर्य मंदिर व मोधेश्वरी माता मंदिर का दर्शन किया।
- 11 अक्तूबर को उज्जैन में महाकाल लोक का लोकार्पण।
- 21 अक्तूबर को केदारनाथ व बदरीनाथ धाम की यात्रा।
दूसरी पारी में योगी की पहली परीक्षा के मद्देनजर भी अहम
पीएम मोदी की इस यात्रा के दूसरे सियासी निहितार्थ भी तलाशे जा रहे हैं। जानकारों का कहना है, दूसरी बार सत्तारूढ़ हुए योगी की पहली राजनीतिक परीक्षा इसी साल होनी है। राज्य में नगरीय निकायों के चुनाव की तैयारियां तेजी से चल रही हैं। सरकार ने बड़ी संख्या में नए शहरी निकायों का गठन किया है, तो कई का सीमा विस्तार भी।
सब कुछ टाइमलाइन से हुआ, तो इस वर्ष के अंत तक नगर निकायों के चुनाव तय हैं। पिछले नगरीय निकाय चुनावों में सत्ता में होने के बावजूद भाजपा छोटे शहरों में चुनाव हार गई थी। इस चुनाव में सांसद और विधायक फिर अपने परिजनों को टिकट दिलाने का दबाव बनाए हुए हैं, जिससे आम कार्यकर्ताओं में नाराजगी नजर आने लगी है।
रामनगरी की सीमाएं पूरी तरह सील
छठे दीपोत्सव में शिरकत करने के लिए आ रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन को लेकर अयोध्या में हाई अलर्ट है। जिले की सीमाओं को पूरी तरह सील कर दिया गया है। अयोध्या शहर में सभी वाहनों का प्रवेश रोक दिया गया है। शहर में प्रवेश के सभी मार्गों पर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। बाहर से आने वाले लोगों की सघन तलाशी के बाद ही शहर के अंदर प्रवेश करने दिया जा रहा है।