गोपाल कृष्ण गांधी ने पाक पीएम को लिखी चिट्ठी, कुलभूषण जाधव की फांसी रोकने की मांग
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उपराष्ट्रपति पद के लिए नामांकन करने के बाद गोपाल कृष्ण गांधी ने कहा कि उन्होंने पाकिस्तान के पीएम को पत्र लिखकर यह मांग की है कि कुलभूषण जाधव को फांसी नहीं होनी चाहिए।
Yes I had also written to Pakistan PM demanding that he should not hang Kulbhushan Jadhav: #GopalKrishnaGandhi
— ANI (@ANI_news) July 18, 2017विज्ञापन
गोपाल ने यह भी कहा कि हम विभाजन के दौर में हैं, ये हमारी राजनीति और देश के लिए खतरनाक है। उन्होंने कहा कि वो जनता और राजनीति के बीच दूरी को कम करना चाहते हैं।
We are living in times of division. This spells danger for our future, not only for politics but for the nation: #GopalKrishnaGandhi pic.twitter.com/y8R5e53Tv6
— ANI (@ANI_news) July 18, 2017
उन्होंने कहा कि मौत की सजा का प्रावधान गलत है। यह मध्यकालीन युग की सोच है। उनके विचार गांधीजी से प्रेरित हैं।
I believe death penalty belongs to the medieval ages,Its wrong. My views inspired by Mahatma Gandhi and Dr.Ambedkar: #GopalKrishnaGandhi pic.twitter.com/jnIaFax4tE
— ANI (@ANI_news) July 18, 2017
विपक्ष के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार गोपाल कृष्ण गांधी ने दिल्ली में नामांकन दाखिल करने के बाद यह बातें कीं। नामांकन दाखिल करने के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी मौजूद रहे।
Delhi: Opp candidate #GopalKrishnaGandhi files nomination for #VicePresidential election;Congress pres Sonia Gandhi, VP Rahul Gandhi present pic.twitter.com/L83Pt2NuCb
— ANI (@ANI_news) 18 July 2017
कांग्रेस की अगुवाई में संसद में हुई विपक्ष की बैठक में गोपाल कृष्ण गांधी के नाम पर सर्वसम्मति से यह फैसला लिया गया था। गांधी का नाम पहले राष्ट्रपति पद के लिए भी सामने आया था। लेकिन बीजेपी की तरफ से दलित उम्मीदवार उतारे जाने के बाद विपक्ष को अपनी रणनीति बदलनी पड़ी। बता दें कि गोपालकृष्ण राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पड़पोते हैं और पश्चिम बंगाल के राज्यपाल रहे हैं। गांधी को चुनने की एक वजह यह भी है कि वो गुजरात से संबंध रखते हैं।
उनकी उम्मीदवारी से पीएम मोदी के लिए राजनैतिक रूप से सहज रह पाना आसान नहीं होगा। गांधी के कांग्रेस से अच्छे संबंध हैं। सपा और बसपा भी उनको पसंद करती है। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल के तौर पर उनकी कार्यशैली की ममता बनर्जी भी प्रशंसक रही हैं । यही वजह है कि गोपाल कृष्ण गांधी विपक्ष की पहली पसंद हैं।