{"_id":"6762d0bb2bef75984400b5f4","slug":"om-birla-said-must-balance-growth-sustainability-to-tackle-climate-change-2024-12-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Om Birla: 'जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए विकास और स्थिरता को संतुलित करना जरूरी', बोले लोकसभा अध्यक्ष बिरला","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Om Birla: 'जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए विकास और स्थिरता को संतुलित करना जरूरी', बोले लोकसभा अध्यक्ष बिरला
Wed, 18 Dec 2024 07:13 PM IST
काव्या मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: काव्या मिश्रा
Updated Wed, 18 Dec 2024 07:13 PM IST
सार
भारतीय वन सेवा के अधिकारी प्रशिक्षुओं के लिए आयोजित कार्यक्रम में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि भारत मिशन लाइफ जलवायु परिवर्तन चुनौती से निपटने में सबसे आगे है।
विज्ञापन
Om Birla
- फोटो : PTI
विस्तार
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने बुधवार को कहा कि जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने के लिए विकास और सततता के बीच संतुलन बनाना जरूरी है।
विज्ञापन
'भारत मिशन 'लाइफ' जलवायु परिवर्तन चुनौती से निपटने में अग्रणी'
वे संसद भवन परिसर में 2023-25 बैच के भारतीय वन सेवा के अधिकारी प्रशिक्षुओं के लिए आयोजित 'पार्लियामेंट्री प्रोसेस और प्रोसिजर्स' कोर्स के उद्घाटन सत्र में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि भारत मिशन लाइफ जलवायु परिवर्तन चुनौती से निपटने में सबसे आगे है।
विज्ञापन
हम पेड़ों की पूजा करते हैं: स्पीकर
बिरला ने कहा, 'भारतीय संस्कृति में प्रकृति का आदर किया जाता है, जहां हम पेड़ों की पूजा करते हैं और पृथ्वी को अपनी मां मानते हैं। इस गहरे सम्मान ने हमारे पर्यावरण संरक्षण की नीतियों और प्रथाओं को आकार दिया है।'
विज्ञापन
'उभरती चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार रहें'
उन्होंने कहा कि यह दृष्टिकोण वन क्षेत्र और पर्यावरण पर्यटन को बढ़ावा देने में मदद कर रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि संसद में वन्यजीव संरक्षण और पर्यावरणीय असंतुलन पर नियमित रूप से चर्चा होती है। लोकसभा अध्यक्ष ने युवा अधिकारियों से यह भी कहा कि वे संसद में पारित कानूनों का अध्ययन करें और उभरती चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार रहें। साथ ही यह सलाह भी दी कि वन उत्पादों का वैज्ञानिक तरीके से उपयोग किया जाए और उचित मूल्य पर बेचा जाए।
कितने लोगों ने लिया भाग?
बता दें, इस कोर्स में 112 अधिकारी प्रशिक्षु, जिनमें 22 महिलाएं और 90 पुरुष हैं, शामिल हैं। दो अधिकारी भूटान से भी इस कोर्स में भाग ले रहे हैं।