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Bihar: बिहार में राष्ट्रीय महत्व का स्मारक घोषित करने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं, संसद में सरकार का जवाब
Tue, 04 Apr 2023 01:13 AM IST
Jeet Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Jeet Kumar
Updated Tue, 04 Apr 2023 01:13 AM IST
सार
केंद्रीय संस्कृति मंत्री रेड्डी ने पिछले पांच वर्षों के दौरान बिहार में केंद्र द्वारा संरक्षित स्मारकों और स्थलों के संरक्षण और रखरखाव पर खर्च की गई राशि का ब्योरा भी साझा किया।
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जी किशन रेड्डी
- फोटो : facebook.com/gkishanreddy
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विस्तार
केंद्रीय संस्कृति मंत्री जी किशन रेड्डी ने संसद में बताया कि बिहार में किसी सांस्कृतिक स्थल को राष्ट्रीय महत्व का स्मारक घोषित करने का कोई प्रस्ताव फिलहाल विचाराधीन नहीं है। बिहार में 70 स्मारक और स्थल हैं जिन्हें राष्ट्रीय महत्व के स्मारक घोषित किया गया है और ये भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के अधीन हैं।
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मंत्री से लोकसभा में पूछा गया था कि क्या सरकार बिहार और वैशाली जिले में किसी स्मारक को राष्ट्रीय महत्व का स्मारक घोषित करने का प्रस्ताव रखती है तो इस पर केंद्रीय संस्कृति मंत्री जी किशन रेड्डी ने लिखित उत्तर में कहा कि फिलहाल ऐसा कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। साथ ही रेड्डी ने पिछले पांच वर्षों के दौरान बिहार में केंद्र द्वारा संरक्षित स्मारकों और स्थलों के संरक्षण और रखरखाव पर खर्च की गई राशि का ब्योरा भी साझा किया।
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आंकड़ों के मुताबिक, 2022-23 में बिहार में केंद्र द्वारा संरक्षित स्मारकों और स्थलों के संरक्षण और रख-रखाव पर 1 मार्च तक 7.21 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। केंद्रीय मंत्री रेड्डी ने पिछले तीन वर्षों के दौरान बिहार में पांच केंद्रीय संरक्षित टिकट वाले स्मारकों पर प्रवेश शुल्क से एकत्रित राजस्व का डेटा भी साझा किया।
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इन पांच स्थलों से वर्ष 2020-21 में 28 फरवरी तक 0.87 करोड़ रुपये, 2021-22 में 1.50 करोड़ रुपये तथा 2022-23 में 3.38 करोड़ रुपये की वसूली की गई। मंत्री ने बिहार में एएसआई साइटों की संख्या पर जिलेवार विवरण भी साझा किया।