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तेजी से पैर पसार रहा मलेरिया, पिछले सालों के मुकाबले धीमी पड़ी रफ्तार
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 21 Aug 2018 01:28 AM IST
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दिल्ली में लोगों को डेंगू के बुखार से ज्यादा डर लगता है। लेकिन सच्चाई यह है कि डेंगू की बजाय मलेरिया ने उन्हें ज्यादा बीमार बना रखा है। इस वर्ष अब तक मलेरिया के 131 मरीज सामने आ चुके हैं, जबकि डेंगू के मरीजों की संख्या 69 तक ही है। चिकुनगुनिया के भी 41 मरीज सामने आ चुके हैं।
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हालांकि यहां स्वास्थ्य एजेंसियों को कुछ राहत देने वाली खबर भी है। वह यह कि पिछले वर्षों की तुलना में इस साल मच्छरों से पैदा होने वाली बीमारियों में कमी आई है। इस साल के 131 मरीजों की तुलना में पिछले साल इस समय तक मलेरिया के 215 मरीज सामने आ चुके थे।
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एमसीडी द्वारा जारी किये गए आंकड़ों के मुताबिक बीते सप्ताह (18 अगस्त) तक मच्छरों से पैदा होने वाले बुखारों के रोगियों में कमी आई है। मलेरिया के अलावा डेंगू के मरीजों की संख्या में भी भारी कमी आई है। इस वर्ष के 69 मरीजों की तुलना में पिछले साल इस समय तक 325 मरीज सामने आ चुके थे। वहीं, अगर चिकुनगुनिया के मरीजों की बात करें तो इस वर्ष के 41 मरीजों की तुलना में पिछले वर्ष इस समय तक 194 लोगों को चिकुनगुनिया हो चुका था।
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अगस्त में सबसे ज्यादा हुई मलेरिया
यहां यह भी ध्यान देने की बात है कि मच्छरों से पैदा होने वाली बीमारियों के लिए अगस्त, सितंबर और अक्टूबर का महीना सबसे ज्यादा प्रमुख होता है। इस साल भी यही ट्रेंड दिख रहा है। अगस्त महीने में ही मलेरिया के 43 मरीज सामने आए हैं जबकि जुलाई में 42, जून में 25 और मई माह में सिर्फ 17 लोगों को मलेरिया हुआ था। डेंगू के मामले में भी यह क्रम बना हुआ है। डेंगू के अगस्त में अब तक 20 मरीज, जुलाई में 19 तो जून में आठ लोगों को डेंगू हुआ था।